विश्व डेंगू दिवस पर अनुमंडल अस्पताल कहलगांव में शनिवार को जागरूकता कार्यक्रम हुआ. प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ पवन कुमार गुप्ता ने लोगों को डेंगू व चिकनगुनिया से बचाव की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि डेंगू और चिकनगुनिया एडीज मच्छर के काटने से फैलने वाली बीमारी है, जो वर्षा ऋतु में अधिक तेजी से फैलती हैं. डेंगू का लार्वा साफ पानी में पनपता है, इसलिए घरों और आसपास पानी जमा नहीं होने देना चाहिए. कूलर, गमले, टंकी एवं अन्य पात्रों की नियमित सफाई जरूरी है. लोगों को मच्छरदानी का उपयोग करने, पूरे शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनने तथा साफ-सफाई रखने की सलाह दी गयी. चिकित्सकों ने बताया कि तेज बुखार, शरीर दर्द, सिरदर्द व त्वचा पर लाल चकत्ते डेंगू के लक्षण हैं. ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अस्पताल में जांच कराने की अपील की गयी. कार्यक्रम में डॉ अभिषेक कुमार, स्वास्थ्य प्रबंधक गोविंद कुमार, प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक अजय कुमार, वेक्टर जनित रोग पर्यवेक्षक प्रवेश कुमार, मो सिराज सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित थे.
कटाव निरोधी कार्य में आयी तेजी, राहत की उम्मीद
इस्माईलपुर-बिंद टोली तटबंध पर गंगा नदी के कटाव को रोकने के लिए जल संसाधन विभाग के अभियंता प्रमुख के कड़े रुख से कटाव निरोधी कार्य में तेजी देखी जा रही है. बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल नवगछिया के अभियंताओं की देखरेख में चल रहे कटाव निरोधी कार्य के तहत तटबंध को मजबूत करने के लिए सीट पाइलिंग, बोल्डर पिचिंग व मेगा जियो बैग लगाने का काम युद्धस्तर पर चल रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि हर वर्ष गंगा कटाव से खेती योग्य जमीन व घरों के गंगा नदी में विलीन होने का खतरा मंडराता रहता है. बडी आबादी को विस्थापन का सामना करना पड़ा है. ऐसे में सरकार की ओर से कराये जा रहे कटाव निरोधी कार्य से लोगों में राहत की उम्मीद जगी है. कार्य स्थल पर भारी मशीनों के साथ मजदूर लगातार तटबंध पर प्राक्कलन के अनुसार कटाव निरोधी कार्य कर तटबंध को मजबूत करने में जुटे हैं. कार्यपालक अभियंता ई गौतम कुमार ने बताया कि संवेदनशील स्थानों की पहचान कर प्राथमिकता के आधार पर कार्य कराया जा रहा है ताकि बरसात व बाढ़ के दौरान कटाव की स्थिति नियंत्रित रहे.ग्रामीणों ने मांग की है कि कार्य की गुणवत्ता पर विशेष निगरानी रखी जाए, ताकि भविष्य में कटाव का दंश नहीं झेलना पडे. विभागीय अभियंताओं का कहना है कि निर्धारित मानकों के अनुसार कार्य कराया जा रहा है और नियमित निरीक्षण भी किया जा रहा है. बरसात का मौसम नजदीक होने से तटवर्ती गांव के लोग कटाव निरोधी कार्य को जल्द पूरा करने की मांग कर रहे हैं.
