जिले के सरकारी स्कूलों में उपस्थिति व्यवस्था पूरी तरह अब डिजिटल किया जायेगा. मई से बच्चों के साथ-साथ शिक्षकों की हाजिरी भी रजिस्टर के बजाय टैब के माध्यम से बनेगी. इस बाबत जिला शिक्षा विभाग ने स्कूलों के प्रधानों को कड़ा निदेश दिया है. कहा कि फेस रिकॉग्निशन आधारित ई-अटेंडेंस सिस्टम लागू करने के लिए स्कूलों को पहले ही टैब उपलब्ध कराया गया है. इसके बाद भी कई विद्यालयों में अबतक रजिस्ट्रेशन कार्य पूरा नहीं किया है. इसे लेकर डीपीओ एसएसए बबीता कुमारी ने पत्र जारी कर कहा कि शेष बचे स्कूल 22 अप्रैल तक रजिस्ट्रेशन पूरा नहीं होने पर संबंधित शिक्षकों व प्रधानाध्यापकों को चिह्नित कर विभागीय कार्रवाई की जायेगी. जिले में कुल 17,424 शिक्षकों में से 16,467 शिक्षकों का रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर अपडेट हो चुका है. वहीं, 961 शिक्षक अब भी शेष हैं. इसमें कहलगांव में 118 व पीरपैंती में 115 शिक्षक अब तक पंजीकरण नहीं कराया है. कहा कि जिले के कुल 5,45,949 छात्रों में से अब तक 3,49,737 बच्चों का रजिस्ट्रेशन हुआ है. जबकि 1,96,229 छात्र अब भी लंबित हैं. 10 विद्यालय ऐसे हैं, जहां अब तक बच्चों का रजिस्ट्रेशन शून्य है.