पीरपैंती (भागलपुर) : हुजूरनगर पंचायत के बिनोबा टोले के महादलित टोले में शर्मशार करने वाली घटना घटी. आरोप है कि पुत्र प्राप्ति के लिए एक किशोर की काली पूजा की रात बलि चढ़ा दी गयी. बिनोबा टोले के सिकंदर रविदास के पुत्र कन्हैया कुमार (10) का शव सोमवार को गांव के बांस के बिट्टा के बीच मिला.
उसकी गर्दन को रेत दिया गया था. वह रविवार की शाम घर से निकला था, इसके बाद लौट कर नहीं आया. मृतक की मां मीना देवी अपने पुत्र की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने पीरपैंती थाना गयी थी. वहीं उसे जानकारी मिली कि गांव में ही बांस के खुट्टी में उसके पुत्र का शव पड़ा है. हत्यारों ने बच्चे का गला काटने के साथ ही जगह-जगह चाकू से काट डाला है. पीरपैंती थानाध्यक्ष राकेश कुमार सदलबल घटनास्थल पहुंचे व शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भागलपुर भेज दिया.
मृतक सात भाई-बहनों में सबसे छोटा था. पिता मजदूरी करने पंजाब के पटियाला गये हैं. वह पीरपैंती बाजार स्थित उज्ज्वल पब्लिक स्कूल के वर्ग छह में पढ़ता था. मां, दादा, रविदास, चचेरा दादा आदि ने पुलिस को बताया कि पड़ोसी शिव रविदास को कोई संतान नहीं थी. घरवालों के कहने पर बच्चे उसका बाजार से सामान लाने सहित अन्य कार्यों में सहयोग करते थे.
रविवार की शाम शिव रविदास व उसकी पत्नी ने बच्चे को अपने घर बुलाया. इसके बाद से उसका बेटा घर नहीं लौटा. रात भर उसकी खोज की. नहीं मिलने पर सोमवार को सवेरे वह लोग इसकी सूचना देने थाना गये, जहां गांववालों से उसके शव फेंकने की जानकारी मिली. परिजनों ने पुलिस को बताया कि पड़ोसी शिव रविदास को कोई संतान नहीं थी. गांव के ही तांत्रिक बिलास मंडल से वह बराबर पूजा करवाता था.
