भागलपुर : सीबीआइ की जिला नजारत व डूडा के मामले में चार्जशीट दायर करने के बाद प्रशासन से अभियोजन स्वीकृति लेने को लेकर कार्रवाई शुरू हो गयी है. सीबीआइ ने जिला नजारत के लिपिक अमरेंद्र यादव डूडा के भीमनंदन ठाकुर के अभियोजन स्वीकृति का पत्र भेजा है.
इन दोनों पर संंबंधित विभाग में हुए सृजन महिला विकास सहयोग समिति के खाते में सरकारी राशि के ट्रांसफर में अहम योगदान करने का आरोप है. वहीं, नीलाम पत्र पदाधिकारी आलोक सिन्हा ने सिविल सर्जन में हुए सृजन घोटाले को लेकर सुनवाई की.
घोटाले की राशि 44 लाख रुपये की रिकवरी को लेकर है, जो 10 लाख की तय लिमिट से अधिक है. नीलाम पदाधिकारी ने सुनवाई अब 27 जुलाई को होगी. बागबाड़ी में शिक्षक प्रतिनियुक्ति के मामले में नीलामपत्र वाद के आरोपित पूर्व सदर एसडीओ अनुज को लेकर भी मंगलवार को सुनवाई में सिर्फ हाजिरी हो पायी. इस मामले की अगली सुनवाई 23 जुलाई को होगी.
