बेतिया के नरकटियागंज से सतीश कुमार पांडेय की रिपोर्ट
Bettiah News: पश्चिम चंपारण के नरकटियागंज प्रखंड में प्रशासन और जनप्रतिनिधि के बीच का टकराव अब खुलकर सामने आ गया है. शिकारपुर पंचायत के मुखिया राहुल जायसवाल के नेतृत्व में शुक्रवार को विभिन्न जनसमस्याओं और विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं के विरोध में एक बड़ा धरना-प्रदर्शन किया गया. धरना समाप्ति के बाद प्रदर्शनकारियों ने अनुमंडल प्रशासन को नौ सूत्री मांगों का एक ज्ञापन सौंपा और पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की. इस आंदोलन में भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और पंचायत प्रतिनिधि शामिल हुए.
मुखिया ने बीडीओ सूरज कुमार सिंह पर लगाए कमीशनखोरी के गंभीर आरोप
धरना को संबोधित करते हुए मुखिया राहुल जायसवाल ने प्रखंड प्रशासन और बीडीओ सूरज कुमार सिंह को सीधे निशाने पर लिया. उन्होंने आरोप लगाया कि विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी चल रही है, जिसके कारण वास्तविक पात्र लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है. मुखिया ने कहा कि प्रखंड के कई कर्मी पंचायतों से लगातार नदारद रहते हैं और वृद्धावस्था, विधवा व दिव्यांग पेंशन के मामलों में गरीब लाभुकों से अवैध वसूली की जा रही है. इसके अलावा, उन्होंने स्वच्छता मित्रों के 14 माह के बकाया भुगतान और पंडई चौक से अतिक्रमण हटाने सहित 9 सूत्री मांगें उठाईं.
प्रशासन को 30 दिन का अल्टीमेटम, मांगें पूरी न होने पर आमरण अनशन की चेतावनी
प्रदर्शन में शामिल ग्रामीणों ने आक्रोश जताते हुए कहा कि बार-बार लिखित शिकायत देने के बाद भी प्रखंड स्तर पर कोई सुनवाई नहीं होती है. मुखिया राहुल जायसवाल ने अनुमंडल प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि 30 दिनों के भीतर इन सभी जायज मांगों पर कोई ठोस दंडात्मक या सुधारात्मक पहल नहीं की गई, तो वे ग्रामीणों के साथ मिलकर ब्लॉक मुख्यालय पर आमरण अनशन शुरू कर देंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार की होगी.
बीडीओ ने आरोपों को बताया निराधार, कहा- गलत काम पकड़े जाने पर भड़के मुखिया
दूसरी ओर, बीडीओ सूरज कुमार सिंह ने मुखिया द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह सिरे से खारिज कर दिया है. बीडीओ ने पलटवार करते हुए कहा कि उक्त पंचायत में गलत तरीके से किए गए कुछ विकास कार्यों की जब जांच शुरू की गई, तो खुद को फंसता देख मुखिया भड़क उठे हैं और दबाव बनाने के लिए यह राजनीति कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि प्रखंड में 27 पंचायतें हैं और किसी को कोई समस्या नहीं है. बीडीओ ने साफ किया कि सरकार का एक भी रुपया गलत तरीके से खर्च नहीं होने दिया जाएगा और झूठे व निराधार आरोप लगाकर प्रशासन की छवि धूमिल करने वालों के खिलाफ जल्द ही विधिसम्मत एफआईआर दर्ज कराई जाएगी.
