Bettiah ASHA Workers Protest: बिहार राज्य आशा संघ (एटक) के राज्यव्यापी आह्वान पर बुधवार को चनपटिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में आशा कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपा. प्रदर्शन में बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता शामिल हुईं.
नियमित भुगतान और सेवा स्थायीकरण की मांग
आशा कार्यकर्ताओं ने नियमित भुगतान, सेवा स्थायीकरण, सेवानिवृत्ति की आयु सीमा 65 वर्ष करने, पेंशन व्यवस्था लागू करने तथा एक आंगनबाड़ी केंद्र पर एक ही आशा की बहाली सुनिश्चित करने की मांग उठाई. इसके अलावा 26 हजार रुपये मासिक मानदेय देने की भी मांग की गई.
11 माह से प्रोत्साहन राशि नहीं मिलने का आरोप
प्रदर्शन के दौरान आशा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें पिछले 11 माह से प्रोत्साहन राशि का भुगतान नहीं किया गया है. उनका कहना था कि राशि उपलब्ध रहने के बावजूद भुगतान लंबित है, जिससे उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
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स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ सकता है असर
आशा कार्यकर्ताओं ने कहा कि ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है. इसके बावजूद लंबे समय से लंबित भुगतान और अन्य मांगों की अनदेखी की जा रही है. उन्होंने सरकार और स्वास्थ्य विभाग से जल्द समाधान की मांग की.
आंदोलन और तेज करने की चेतावनी
बिहार राज्य आशा संघ के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष ओम प्रकाश क्रांति ने बताया कि मांगों पर कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में 28 जुलाई से आशा कार्यकर्ता काला बिल्ला लगाकर पोलियो अभियान में शामिल होंगी. इसके बाद 13 जुलाई को जिला पदाधिकारी कार्यालय के समक्ष धरना तथा 18 अगस्त को पटना में विधानसभा घेराव कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा.
बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता रहीं मौजूद
प्रदर्शन में मुन्ना देवी, सरोज देवी, सुन्दरम देवी, गायत्री देवी, मंजू देवी, रिंकी देवी, रासमुनी देवी, हुस्ने जहां, सुशीला कुमारी, मनोरमा राय, मिन्ता देवी, रौशन आरा, पूनम देवी सहित कई आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं.
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