Begusarai Gang Rape Case (विकास मिश्रा की रिपोर्ट): बेगूसराय जिले में मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है, जहां एक 28 वर्षीय महिला के साथ पांच युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म किया. पीड़िता ने बताया कि 11 जून की रात करीब 11:30 बजे जब वह घर से शौच के लिए बाहर निकली थी, तभी पांच युवकों ने उसे दबोच लिया. बदमाशों ने उसके पति के कमरे का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया और महिला का मुंह साड़ी से तथा हाथ ब्लाउज का कपड़ा फाड़कर बांध दिया. इसके बाद आरोपी उसे एक सुनसान स्थान पर ले गए और बारी-बारी से उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया. विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई तथा ब्लेड से उसकी छाती और जांघ पर हमला कर लहूलुहान कर दिया गया.
प्राइवेट पार्ट में डालीं चीजें
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए पीड़िता के प्राइवेट पार्ट में कारतूस, पत्थर तथा लकड़ी का टुकड़ा डाल दिया और उसे घर के पास छोड़कर फरार हो गए. महिला की चीख-पुकार सुनकर उसके पति ने बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन कमरा बाहर से बंद होने के कारण वह बेबस रहा. बाद में परिजनों की मदद से दरवाजा खोला गया और गंभीर हालत में पीड़िता को पहले बरौनी अस्पताल और फिर सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया. घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश का माहौल है और लोग आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं.
असहनीय दर्द के बाद खुलासा
पीड़िता के पति ने 12 जून को ही चकिया थाना पुलिस को घटना की जानकारी दी थी. पीड़िता का आरोप है कि प्रारंभिक स्तर पर पुलिस ने सिर्फ मारपीट का मामला दर्ज किया था. अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद भी पीड़िता को लगातार असहनीय दर्द हो रहा था. जब दर्द हद से ज्यादा बढ़ गया, तो 17 जून को उसे दोबारा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया. इसके बाद गुरुवार को हुई गहन जांच में डॉक्टरों के होश उड़ गए, जब महिला के प्राइवेट पार्ट से कारतूस, पत्थर तथा लकड़ी का टुकड़ा बाहर निकाला गया. अब लोग सवाल उठा रहे हैं कि जब पहले दिन पीड़िता की मेडिकल जांच कराई गई थी, तो उस दिन यह सामग्रियां क्यों नहीं पकड़ी जा सकीं.
आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास
सदर-वन डीएसपी आनंद कुमार पांडेय ने इस खौफनाक मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस हर पहलू से गहन जांच कर रही है. पीड़िता का न्यायालय में धारा 164 के तहत बयान दर्ज करा लिया गया है और आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि जांच में किसी भी पुलिसकर्मी की लापरवाही सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी. इधर, बेगूसराय के सिविल सर्जन डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि महिला की मेडिकल जांच की गई है और इसके लिए एक विशेष मेडिकल बोर्ड का गठन किया जाएगा, जिसके बाद पूरे मामले का विस्तृत खुलासा कर दिया जाएगा.
