नौ एवं 10 को देंगे धरना व 11 से अनिश्चितकालीन अनशन का निर्णय
स्थायी नियुक्ति की मांग को लेकर उठायी आवाज
बेगूसराय : उम्मीदवार अनुसेवकों ने चतुर्थवर्गीय कर्मी के रूप में स्थायी नियुक्ति करने की मांग को लेकर अर्धनग्न प्रदर्शन किया. अनुसेवकों ने जुलूस निकाल कर शहर के विभिन्न मार्गों का भ्रमण किया. जुलूस का नेतृत्व रंजीत पासवान कर रहे थे. मौके पर अनुसेवकों ने बताया कि उच्च न्यायालय पटना बिहार के एलपीए वाद संख्या 1785-16 रामखेलावन पासवान एवं एलपीए वाद संख्या 1283-17 अभय कुमार सिन्हा एवं अन्य 209 उम्मीदवार अनुसेवकों के पक्ष में पारित आदेश को जिला पदाधिकारी द्वारा अनुपालन नहीं किया गया. जिसके कारण हम लोगों की चतुर्थ वर्गीय कर्मियों के रूप में नियुक्ति नहीं हो रही है.अनुसेवकों ने कहा कि इस संबंध कई बार आवाज उठायी गयी.परंतु हमारी मांगों को अनसुनी कर दी जा रही है. जिसके वजह से हमलोगों चरणबद्ध आंदोलन चलाने का फैसला लिया है.
उन्होंने कहा कि इसी मांग को लेकर नौ अगस्त एवं 10 अगस्त को दो दिवसीय धरना का आयोजन,11 अगस्त से अनिश्चितकालीन अनशन, तथा 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर उम्मीदवार अनुसेवक सपरिवार उपवास आंदोलन पर रहेंगे. अनुसेवकों ने कहा कि जब तक हमारी मांगे नहीं मानी जायेगी हमारा आंदोलन जारी रहेगा.वहीं 6 अगस्त से अपनी नियुक्ति की मांग को लेकर समाहरणालय के दो अन्य उम्मीदवार अनुसेवक उमेश झा व रामकृपाल महतो समाहरणालय के दक्षिणी द्वार पर तीसरे दिन भी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर रहे. हालांकि इस बीच उनसे जिला प्रशासन के प्रतिनिधियों ने वार्ता करके भूख हड़ताल समाप्त कराने का प्रयास किया.परंतु आंदोलन जारी ही है.डॉक्टर लगातार अनशनकारियों की स्वास्थ्य परीक्षण कर रहे हैं. दोनों अनशनकारियों ने बताया कि हमलोग 1986 से लगातार 2008 तक दैनिक भत्ता पर चतुर्थ वर्गीय पद पर कार्यरत थे. दैनिक वेतन भोगी के रूप में कार्यरत कर्मचारियों की स्थायीकरण के लिए 1994-95 में प्रतीक्षा सूची बनायी गयी थी. वर्ष 2006 में दैनिक वेतन भोगी कर्मियों की स्थायीकरण के लिए बहाली विज्ञापन प्रकाशित की गयी थी. जिनमें 11 दिसंबर 1990 के पूर्व कम से कम 240 दिन कार्य करने वाले दैनिक भत्ता कर्मियों को आवेदन करना था. हमलोग भी साक्षात्कार में शामिल हुए. इन्होंने कहा कि स्थायी बहाली की जो सूची बनी हमलोग का उसमें नाम नहीं था.चूंकि पूर्व में चतुर्थवर्गीय कर्मियों की शैक्षणिक योग्यता सातवीं पास थी.बाद में योग्यता अष्टम उत्तीर्ण कर दिया गया था. जबकि कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग के द्वारा निर्गत आदेश में कहा गया है कि नियुक्ति के लिए वही योग्यता मान्य होगी जो कट ऑफ डेट को निर्धारित थी. फिर भी हमलोग अष्टम उत्तीर्ण का प्रमाणपत्र जमा किया था. प्रमाणपत्र को प्रकिया के तहत सत्यापित भी करा ली गयी थी. परंतु हमलोग की नियुक्ति आज तक नहीं की गयी. उन्होंने पूर्व में भी अनशन किया था परंतु आश्वासन के बाद अनशन समाप्त कर दिया था.
