बांका में सुबह से गूंजे मंदिरों के घंटे-घड़ियाल, भगवान के दर्शन को उमड़े श्रद्धालु
Banka News : शहर के प्रमुख मंदिरों में गुरुवार सुबह भक्तिमय माहौल देखने को मिला. तड़के ही मंदिरों के पट खुलते ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी और भगवान के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिरस में डूब गया.
बांका से चंदन कुमार की रिपोर्ट
Banka News : गुरुवार को शहर के विभिन्न मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया. भयहरण स्थान, बाबूटोला स्थित पंचमुखी मंदिर, जगतपुर ठाकुरबाड़ी सहित अन्य मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहा. भक्तों ने भगवान के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि और मंगलकामना की प्रार्थना की.
तड़के खुला मंदिरों का पट, दर्शन को पहुंचे भक्त
श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए अधिकांश मंदिरों के पट सुबह पांच बजे ही खोल दिए गए. सुबह की आरती और पूजा-अर्चना में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया. मंदिर परिसर में घंटियों और शंखध्वनि से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा.
भयहरण स्थान और पंचमुखी मंदिर में विशेष पूजा
शहर के प्रसिद्ध भयहरण स्थान एवं बाबूटोला स्थित पंचमुखी मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई. श्रद्धालुओं ने भगवान के समक्ष दीप, फूल और प्रसाद अर्पित कर आशीर्वाद प्राप्त किया. मंदिर परिसर में दिनभर भक्तों की आवाजाही बनी रही.
ठाकुरबाड़ी में गूंजे भक्ति के स्वर
जगतपुर स्थित ठाकुरबाड़ी में भी सुबह विशेष पूजा का आयोजन हुआ. भगवान के दर्शन के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं ने विधिवत पूजा-अर्चना कर अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति की प्रार्थना की. भजन-कीर्तन और मंत्रोच्चार से पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया.
मंदार मधुसूदन मंदिर में हुआ पंचामृत अभिषेक
मंदार मधुसूदन मंदिर में पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार भगवान की विशेष पूजा-अर्चना संपन्न हुई. सुबह 7:30 बजे पुजारी बिंदेश्वरी उर्फ पटल झा एवं लक्ष्मण झा ने भगवान का पंचामृत से स्नान कराया. इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विशेष पूजा की गई.
दोपहर में लगेगा महाभोग, शाम को होगी भव्य आरती
दोपहर 12 बजे भगवान को विशेष भोग अर्पित किया गया. वहीं संध्या 6 बजे भगवान का आकर्षक श्रृंगार किया जाएगा, जिसके बाद भव्य आरती का आयोजन होगा. आरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है.
श्रद्धा और भक्ति से सराबोर रहा माहौल
दिनभर मंदिरों में पूजा-पाठ, दर्शन और धार्मिक अनुष्ठानों का सिलसिला चलता रहा. श्रद्धालुओं ने भगवान के चरणों में शीश नवाकर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की. शहर का धार्मिक वातावरण पूरे दिन भक्तिमय बना रहा.