नीम का दातुन लेना पड़ा भारी, ईंट के पास छिपे सांप ने वृद्ध को डसा, अस्पताल में भर्ती
Banka News : बांका के कटोरिया में मंगलवार सुबह एक वृद्ध को नीम का दातुन लेना महंगा पड़ गया. पुराने ईंट के पास रखे दातुन उठाने के दौरान छिपे सांप ने उनके हाथ की अंगुली में डंस लिया. घटना के बाद परिजनों में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया.
कटोरिया (बांका) से दीपक चौधरी की रिपोर्ट
Banka News : उमस भरी गर्मी के बीच क्षेत्र में सांप और अन्य विषैले जीव-जंतुओं का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है. इसी क्रम में कटोरिया थाना क्षेत्र के दुल्लीसार गांव में मंगलवार सुबह सर्पदंश की एक घटना सामने आई. नीम का दातुन लेने गए एक 64 वर्षीय वृद्ध को सांप ने काट लिया, जिसके बाद उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया. चिकित्सकों की देखरेख में उनका उपचार जारी है.
दातुन लेने के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार दुल्लीसार गांव निवासी स्वर्गीय मोती शर्मा के 64 वर्षीय पुत्र चंदर शर्मा मंगलवार सुबह घर के पास पुराने ईंट के समीप रखे नीम के दातुन लेने पहुंचे थे. इसी दौरान ईंटों के बीच छिपे सांप ने उनके हाथ की अंगुली में काट लिया. अचानक हुए सर्पदंश से वृद्ध घबरा गए और शोर मचाने लगे.
परिजनों ने पहुंचाया अस्पताल
घटना की जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और तत्काल घायल वृद्ध को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटोरिया लेकर पहुंचे. अस्पताल में भर्ती कर चिकित्सकों को पूरी जानकारी दी गई, जिसके बाद उनका उपचार शुरू किया गया.
मेडिकल टीम ने किया त्वरित उपचार
कटोरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. विनोद कुमार और सीएचओ गणपत लाल के नेतृत्व में मेडिकल टीम ने वृद्ध का प्राथमिक उपचार किया. चिकित्सकों के अनुसार समय पर अस्पताल पहुंच जाने के कारण स्थिति नियंत्रण में है और फिलहाल मरीज खतरे से बाहर है.
बढ़ रहा है सांप और बिच्छुओं का खतरा
स्वास्थ्यकर्मियों का कहना है कि पिछले तीन सप्ताह से जारी उमस भरी गर्मी के कारण क्षेत्र में सांप, बिच्छू और अन्य विषैले जीव-जंतुओं की सक्रियता बढ़ गई है. खेतों, पुराने भवनों, ईंटों के ढेर और झाड़ियों के आसपास विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है.
समय पर इलाज से बच रही जान
चिकित्सकों ने बताया कि सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक या घरेलू उपचार पर भरोसा करने के बजाय तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचना चाहिए. समय पर चिकित्सा मिलने से अधिकांश मरीज सुरक्षित और स्वस्थ हो रहे हैं. स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और विषैले जीव-जंतुओं से बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है.