Banka News: श्रावण मास की कांवर यात्रा में हर साल लाखों शिवभक्त सुल्तानगंज से गंगाजल लेकर बाबा बैद्यनाथ धाम की ओर निकलते हैं, लेकिन इस बार उत्तर प्रदेश के प्रयागराज क्षेत्र के युवा शिवभक्त कृष्णा विश्वकर्मा अपनी अनोखी कांवर यात्रा के कारण विशेष चर्चा में हैं. कृष्णा अपने कांवर में 20-20 लीटर के दो जार, यानी कुल 40 लीटर गंगाजल लेकर पैदल बाबाधाम की ओर बढ़ रहे हैं. लगातार दूसरे वर्ष वे यह कठिन यात्रा कर रहे हैं और उनके साथ चार अन्य शिवभक्त भी कदम से कदम मिलाकर चल रहे हैं.
कटोरिया क्षेत्र से गुजरते समय कृष्णा और उनके साथियों ने बताया कि यह यात्रा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि महादेव के प्रति अटूट आस्था, संकल्प और समर्पण का प्रतीक है.
प्रयागराज के पास मंझनपुर गांव से निकले शिवभक्त
कृष्णा विश्वकर्मा उत्तर प्रदेश के प्रयागराज क्षेत्र से लगभग 50 किलोमीटर दूर स्थित मंझनपुर गांव (थाना कसौदी, जिला इलाहाबाद) के निवासी हैं.
उन्होंने बताया कि वे लगातार दूसरे वर्ष बाबा बैद्यनाथ धाम में जलार्पण के लिए कांवर यात्रा कर रहे हैं. इस बार उन्होंने विशेष संकल्प के साथ अधिक मात्रा में गंगाजल लेकर पैदल यात्रा शुरू की है.
कांवर में 40 लीटर गंगाजल लेकर पैदल यात्रा
कृष्णा अपने कांवर में 20-20 लीटर के दो जार लेकर चल रहे हैं. कुल 40 लीटर गंगाजल के साथ पैदल यात्रा करना शारीरिक रूप से बेहद कठिन माना जाता है, लेकिन उनके उत्साह और श्रद्धा में कोई कमी नहीं दिख रही.
स्थानीय लोगों ने भी उनके संकल्प की सराहना की और इसे आस्था की अनोखी मिसाल बताया.
चार मित्र भी साथ चल रहे हैं बाबाधाम
कृष्णा विश्वकर्मा के साथ चार अन्य शिवभक्त भी इस यात्रा में शामिल हैं. उनके साथ मन्नत शर्मा, रितेश सोनी, विष्णु गुप्ता और किशन गुप्ता पैदल बाबाधाम की ओर बढ़ रहे हैं.
पांचों शिवभक्त एक साथ कांवरिया पथ पर आगे बढ़ते हुए भगवान शिव के जयकारे लगाते हुए यात्रा कर रहे हैं.
सुल्तानगंज से उठाया कांवर
कृष्णा विश्वकर्मा ने बताया कि उन्होंने 1 अगस्त की शाम लगभग 4 बजे उत्तरवाहिनी गंगा के पवित्र सुल्तानगंज घाट से कांवर उठाया था.
वहां से गंगाजल भरकर सभी शिवभक्त पैदल कांवरिया पथ के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ धाम की ओर प्रस्थान कर चुके हैं.
यात्रा केवल धार्मिक नहीं, एक संकल्प भी
कटोरिया क्षेत्र से गुजरते समय प्रभात खबर से बातचीत में कृष्णा और उनके साथियों ने कहा कि यह यात्रा उनके लिए केवल धार्मिक परंपरा का पालन नहीं, बल्कि आत्मिक साधना और महादेव के प्रति पूर्ण समर्पण का मार्ग है.
उन्होंने कहा कि कठिन यात्रा के बावजूद बाबा भोलेनाथ में उनकी आस्था उन्हें लगातार आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है.
Banka News: सुख-शांति और समृद्धि की करेंगे कामना
शिवभक्तों ने बताया कि वे बाबा बैद्यनाथ से अपने परिवार, गांव, जिले और पूरे राज्य की सुख-शांति, समृद्धि और कल्याण की प्रार्थना करेंगे.
उनका लक्ष्य 7 अगस्त को बाबा बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग पर गंगाजल अर्पित कर अपनी कांवर यात्रा का संकल्प पूर्ण करना है.
