कटोरिया स्टेशन पर आरक्षण काउंटर व नयी ट्रेन के ठहराव की मांग तेज, यात्रियों में बढ़ रही नाराजगी
Reservation Counter Demand : रेलवे को अच्छा राजस्व देने के बावजूद सुविधाओं के मामले में कटोरिया स्टेशन आज भी उपेक्षा का शिकार बना हुआ है. यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा के लिए टिकट आरक्षण कराने और ट्रेनों की सुविधा पाने हेतु दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है. कटोरियावासी स्टेशन पर पैसेंजर रिजर्वेशन काउंटर खोलने, सरायगढ़-देवघर स्पेशल ट्रेन के ठहराव और नई ट्रेन सेवा शुरू करने की मांग को लेकर आवाज बुलंद कर रहे हैं.
कटोरिया (बांका) से दीपक चौधरी की रिपोर्ट
Banka News : बांका-देवघर रेलखंड पर स्थित कटोरिया रेलवे स्टेशन से रेलवे को लगातार अच्छा राजस्व प्राप्त हो रहा है, लेकिन यात्रियों को अपेक्षित सुविधाएं अब तक नहीं मिल सकी हैं. स्थानीय लोग लंबे समय से स्टेशन पर पैसेंजर रिजर्वेशन काउंटर खोलने, सरायगढ़-देवघर स्पेशल ट्रेन का ठहराव सुनिश्चित करने तथा भागलपुर से देवघर के बीच शाम के समय एक अतिरिक्त ट्रेन चलाने की मांग कर रहे हैं. बावजूद इसके रेलवे प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं होने से लोगों में निराशा है.
राजस्व देने के बावजूद सुविधाओं का अभाव
कटोरिया, चांदन और करझौंसा स्टेशन पर बुनियादी सुविधाओं का अभाव झेल रहे स्थानीय लोगों का कहना है कि रेल परिचालन शुरू होने के बाद क्षेत्र के लोगों में काफी उम्मीदें जगी थीं, लेकिन समय बीतने के साथ अधिकांश अपेक्षाएं अधूरी रह गईं. यात्रियों की संख्या बढ़ने के बावजूद न तो नई ट्रेनों का परिचालन हुआ और न ही आवश्यक यात्री सुविधाओं का विस्तार किया गया. इससे यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है.
सरायगढ़-देवघर स्पेशल ट्रेन के ठहराव की मांग
कटोरियावासी लंबे समय से देवघर से सरायगढ़ जाने वाली स्पेशल ट्रेन के कटोरिया स्टेशन पर ठहराव की मांग कर रहे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इस ट्रेन का ठहराव यहां सुनिश्चित हो जाए तो क्षेत्र के हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा. वर्तमान में इस सुविधा के अभाव में लोगों को दूसरे स्टेशनों तक जाना पड़ता है. इसके अलावा शाम पांच से छह बजे के बीच भागलपुर से देवघर के लिए ट्रेन सेवा शुरू करने की भी मांग की जा रही है, ताकि दैनिक यात्रियों और कामकाजी लोगों को सुविधा मिल सके.
आरक्षण काउंटर नहीं होने से बढ़ रही परेशानी
कटोरिया स्टेशन पर अब तक पैसेंजर रिजर्वेशन काउंटर की सुविधा उपलब्ध नहीं हो सकी है. इसका सबसे अधिक असर लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों पर पड़ रहा है. पटना, कोलकाता, दिल्ली, मुंबई और अन्य महानगरों के लिए टिकट बुक कराने हेतु लोगों को जसीडीह, भागलपुर या बांका जाना पड़ता है. इससे समय और धन दोनों की अतिरिक्त बर्बादी होती है. स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से आरक्षण काउंटर की मांग की जा रही है, लेकिन रेलवे प्रशासन ने अब तक इस दिशा में कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया है.
डीआरएम से मिलने की उम्मीद भी टूटी
गत बुधवार को आसनसोल मंडल के डीआरएम संग्रह मौर्य देवघर-बांका रेलखंड के विंडो ट्रेल निरीक्षण पर निकले थे. निरीक्षण के दौरान उनका विशेष सैलून चांदन और करझौंसा स्टेशन पर रुका, लेकिन कटोरिया स्टेशन पर नहीं रुका. इससे स्थानीय लोगों को काफी निराशा हुई. कटोरियावासियों ने डीआरएम के समक्ष अपनी विभिन्न मांगों को रखने की तैयारी कर रखी थी, लेकिन उनसे मुलाकात का अवसर नहीं मिल सका. लोगों का कहना है कि यदि डीआरएम कटोरिया स्टेशन आते तो क्षेत्र की समस्याओं और मांगों से सीधे अवगत हो सकते थे.
जनप्रतिनिधियों और रेलवे से उम्मीद
स्थानीय नागरिकों का मानना है कि कटोरिया स्टेशन पर आरक्षण काउंटर, नयी ट्रेन सेवाएं और प्रमुख ट्रेनों का ठहराव क्षेत्र के विकास के लिए बेहद जरूरी है. इससे न केवल यात्रियों को सुविधा मिलेगी, बल्कि व्यापार, शिक्षा और रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा मिलेगा. लोगों ने रेलवे प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि वर्षों से लंबित इन मांगों पर गंभीरता से विचार कर शीघ्र कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र के यात्रियों को उनकी जरूरत के अनुरूप रेल सुविधाएं मिल सकें.