ईद मुबारक. डीएम कोठी व ईदगाह-ए-सदर में होगी सबसे पहले नमाज
बुधवार शाम चांद के दीदार के साथ ही एक-दूसरे को बधाई देने का सिलसिला शुरू हो गया. गुरुवार को ईद की नमाज अदा की जायेगी. इसे लेकर ईदगाहों में मुकम्मल तैयारी की गयी है. प्रशासन ने भी ईद को लेकर सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की है.
बांका : वह देखो…चांद, प्यारा-प्यारा चांद ….लाया ईद पर खुशियों का खजाना! बुधवार को ईद की चांद का दीदार होते ही रोजेदारों के चेहरे पर खुशियां छा गयीं. उन्होंने गले मिलकर एक-दूसरे को मुबारकबाद दी. जम कर आतिशबाजी हुई. पूरा माहौल ईद मय हो गया. ईद की नमाज गुरुवार को अदा की जायेगी. शहर के डी एम कोठी तथा सर्किट हाउस रोड में स्थित ईदगाह ए सदर में सबसे पहले ईद की नमाज अदायगी होगी.
इसके बाद जामा मस्जिद एवं नायाब जामा मसजिद में भी नमाज पढ़े जाएंगे. इसकी समस्त तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. बुधवार को 30 रोजा पूरा हो गया. 30 रोजा पूरा होने पर ईद मनाने के लिए चांद का दीदार करना सिर्फ एक औपचारिकता रह जाती है. जो उत्सुकता ईद की चांद के दीदार के लिए मंगलवार की शाम रोजेदारों में थी, वह बुधवार को कमतर जरूर हुई. हालांकि इसे देखने की औपचारिकता का लोभ संवरण वे फिर भी नहीं कर पाये. बड़ी संख्या में लोगों ने ऊंची जगह पर जमा होकर ईद का चांद देखा और खुशियों से अपनी झोली भर ली.
इधर ईद की तैयारियों को लेकर बांका सहित जिले भर में बुधवार को देर रात तक चहल पहल बनी रही. बाजारों और दुकानों में खरीदारों की भीड़ उमड़ती रही. बाकी कई क्षेत्रों में लोग इतमिनान थे की मंगलवार को ही ईद की चांद दिखेगी और ईद बुधवार को मनाया जाएगा. इसलिए इन क्षेत्रों में लोगों ने मंगलवार देर शाम तक ही इसकी तैयारी पूरी कर ली थी. लेकिन जो 30 रोजे की रमजान मनाते हैं
उनके लिए तो एक तरह से पहले से ही गुरुवार को ईद का दिन मुकर्रर था. बुधवार को ईद की खरीदारी के लिए बाजारों में काफी चहल पहल रही. दर्जी से लेकर रेडीमेड कपड़े की दुकानों तक और फल, मेवा, टोपियां, सेवइयां, दूध के स्टॉल और इत्र की दुकानों में भी खरीदारों की भरमार लगी रही.
