पटना जू के 'भीमा' को मिलेगा साथी, मैसूर से आएगा जिराफ, बढ़ेगी रौनक

Patna Zoo: पटना जू की रौनक बढ़ने वाली है. यहां मैसूर से नर जिराफ आने वाला है. जिराफ लाने को लेकर पहले कोलकाता जू से बातचीत हुई थी. लेकिन वहां से फीका रिस्पॉन्स मिला, जिसके बाद मैसूर से जिराफ लाया जाएगा.

पटना से अनुपम कुमार की रिपोर्ट
Patna Zoo:
पटना जू के नर जिराफ भीमा को जल्द साथी मिलेगा और मैसूर जू से नर जिराफ आयेगा. इसके लिए मैसूर जू से बात चल रही है. देश में केवल दो जू कोलकाता और मैसूर ऐसे हे जहां जिराफ की पर्याप्त संख्या है. ऐसे में जिराफ लाने के मात्र यही दोनों स्वदेशी ऑप्शन हैं. देश के बाहर अमेरिका के सेन डियागो जू में भी जिराफ बड़ी संख्या में है. लेकिन वहां से पटना जू तक जिराफ को लाना और बदले में पटना जू से जानवरों को वहां पहुंचाना बड़ा मुश्किल और खर्चीला है.

पहले कोलकाता जू से शुरू हुई बात


नर जिराफ को पटना जू लाने का मुख्य उद्देश्य जिराफ के ब्लड लाइन को बदल कर उसके ब्रीडिंग को बढ़ावा देना है. इसके लिए पहले पटना जू ने कोलकाता जू से बातचीत शुरु की. लेकिन उसके फीके रिस्पांस को देखते हुए फिर पटना जू ने मैसूर जू से बातचीत शुरू की है, जहां से वह पहले भी साल 2014 में नर जिराफ पटना जू ला चुका है.

जानकारी के मुताबिक, देश या दुनिया का कोई भी जू जानवरों को खरीदकर नहीं बल्कि उनके आपसी आदान-प्रदान के माध्यम से ही प्राप्त करता है. एनीमल एक्सचेंज की प्रक्रिया के तहत कोई एक या कुछ जानवर दूसरे जू को दिए जाते हैं और बदले में कुछ दूसरे जानवर लिए जाते हैं.

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ब्लड लाइन को सुधारने के लिए किए जाने वाले एनीमल एक्सचेज में कई बार नर या मादा में से एक भेजा और दूसरा मंगाया जाता है ताकि दोनों जगह ब्रीडिंग के लिए अलग ब्लड लाइन वाले जानवर उपलब्ध हो सके. ऐसे में पटना जू ने यहां से मादा जिराफ को मैसूर जू को देने का मन बनाया है, अगर वे इसकी मांग करेंगे. लेकिन वह व्यस्क मादा नहीं देकर अभी लगभग तीन साल के मादा शावक देने को ही प्राथमिकता देगा क्योंकि शांति की मृत्यु के बाद उसके पास केवल एक मादा व्यस्क जिराफ मौजूद है.

पटना जू में वर्तमान में चार जिराफ

वर्तमान में चार जिराफ पटना जू में हैं, जिनमें दो व्यस्क और दो शावक हैं. व्यस्क और शावक दोनों में एक नर और एक मादा है. व्यस्क नर जिराफ का नाम भीमा है. यह मैसूर जू से 2014 में यहां आया था. मादा व्यस्क जिराफ का नाम सृष्टि है. साल 2006 में यह अमेरिका के सैन डिएगो से आई थी. इसके साथ शांति नामक एक और मादा जिराफ सेन डियागो से आई थी.

लेकिन गर्भावस्था संबंधी जटिलताओं के कारण लगभग चार महीने पहले उसकी मृत्यु हो गई. इसके अलावा लगभग तीन साल उम्र के दो जिराफ शावक भी पटना जू में हैं, जिनका जन्म पटना जू में ही साल 2023 में हुआ था. इनमें नर शावक का नाम अमन और मादा का हिमानी है.

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Published by: Preeti Dayal

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