20 अप्रैल की रात होना था तिलक समारोह, 25 अप्रैल को बारात की थी तैयारीशादी की तैयारी के बीच हुआ हादसा, घर-आंगन में मचा कोहराम
फेसर थाना क्षेत्र के देवरिया रूस्तम गांव में हुई घटना, पसरा मातम
फोटो नंबर-7- मृतक का फाइल फोटो7ए-शादी का कार्डप्रतिनिधि, औरंगाबाद कार्यालय
फेसर थाना क्षेत्र के देवरिया रूस्तम गांव में सोमवार को एक दिल दहला देने वाली घटना ने शादी की खुशियों को पलभर में मातम में बदल दिया. जिस युवक का घर में कुछ ही घंटों बाद तिलक चढ़ने वाला था, उसी की करेंट की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गयी. इस हादसे के बाद गांव में कोहराम मच गया. परिजनों में चीख-पुकार मच गयी. मृतक की पहचान देवरिया रूस्तम गांव निवासी जनेश्वर पाल के पुत्र रितेश पाल के रूप में हुई है. जानकारी के अनुसार, रितेश की शादी माली थाना क्षेत्र के गंगहर गांव निवासी सत्येंद्र पाल की पुत्री श्रुति कुमारी के साथ तय हुई थी. 20 अप्रैल की रात उसका तिलक समारोह आयोजित होना था, जबकि 25 अप्रैल को विवाह की तिथि निर्धारित थी. सोमवार की सुबह से ही घर में तिलक की तैयारी जोरों पर थी. रिश्तेदारों का आना शुरू हो चुका था और पूरा घर सजावट व रोशनी से जगमगा रहा था.
मोटर चालू कराने के दौरान हादसा
परिजनों ने बताया कि सुबह के समय रितेश घर में लगी मोटर को चालू कर पानी भर रहा था. इसी दौरान वह अचानक करेंट की चपेट में आ गया और अचेत होकर गिर पड़ा. यह दृश्य देख घर में अफरा-तफरी मच गयी. परिजन और आसपास के लोग तुरंत उसे उठाकर इलाज के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल ले गये. सदर अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज जमुहार रेफर कर दिया. परिजन उसे लेकर जमुहार जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गयी. यह खबर मिलते ही परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा.
शहनाई की जगह गूंजीं चीखें, गांव में पसरा मातम
जिस घर में कुछ ही घंटों बाद तिलक की रस्में निभायी जानी थीं और जहां शादी के गीत गूंज रहे थे, वहां अचानक मातम छा गया. खुशियों से भरा माहौल एक पल में चीख-पुकार में बदल गया. माता-पिता समेत पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है. गांव के लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं और पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने में जुटे हैं.
परदेश से लौटा था रितेश, अधूरे रह गये
सपने
जानकारी के अनुसार, रितेश पाल परदेश में रहकर जेसीबी मशीन चलाने का काम करता था. अपनी शादी को लेकर वह कुछ ही दिन पहले घर लौटा था. परिवार में उसके विवाह को लेकर काफी उत्साह था, लेकिन नियती को कुछ और ही मंजूर था. एक छोटी सी लापरवाही ने उसकी जिंदगी छीन ली और पूरे परिवार की खुशियों को हमेशा के लिए खत्म कर दिया.