औरंगाबाद जिले के गोह प्रखंड मुख्यालय में शुक्रवार को एक बैठक आयोजित की गई. इस दौरान विभिन्न प्राइमरी, मिडिल व उच्च विद्यालयों के सभी हेडमास्टर एवं प्रधान शिक्षक शामिल हुए. बैठक में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना मनीष कुमार सिंह एवं जिला कार्यक्रम पदाधिकारी प्रारंभिक शिक्षा व समग्र शिक्षा संतोष कुमार ने शिक्षकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए.
रूटीन व मोबाइल जमा के निर्देश
स्थापना डीपीओ ने कहा कि सभी विद्यालयों में रूटीन होना अतिआवश्यक है और उसी के अनुसार वर्ग-कक्षा का संचालन होना चाहिए. सभी शिक्षकों का सर्विस बुक अद्यतन कराने के लिए प्रधानाध्यापक से हस्ताक्षरित करवा कर बीआरसी में जमा करना है, जिसके बाद जिला कार्यालय में जमा होगा.
पहली घंटी में सभी शिक्षकों को अपना मोबाइल प्रधानाध्यापक के पास जमा कर देना है और डिपार्चर के समय वापस लेना है. बकाया वेतन का सुधार एक माह के अंदर कर समय पर भुगतान का प्रयास किया जाएगा.
शैक्षणिक वातावरण पर जोर
बैठक के दौरान विद्यालय में शैक्षणिक माहौल सुदृढ़ करने का निर्देश दिया गया और शिक्षकों को हर संभव सहयोग का भरोसा दिया गया.
प्रधानाध्यापकों द्वारा विषयवार शिक्षकों की मांग किए जाने पर निर्देश दिया गया कि गणित एवं विज्ञान के शिक्षक उपलब्ध नहीं रहने की स्थिति में उसी विद्यालय के शिक्षक संबंधित विषय को पूरा करेंगे.
नशामुक्ति व वृक्षारोपण का लक्ष्य
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी संतोष कुमार ने कहा कि नशा मुक्त विद्यालय कार्यक्रम में शत-प्रतिशत रजिस्ट्रेशन अनिवार्य है.
'एक पेड़ मां के नाम' अभियान में रजिस्ट्रेशन करते हुए प्राथमिक विद्यालयों को 50, मध्य विद्यालयों को 75 और उच्च विद्यालयों को 150 पौधे लगाने का लक्ष्य दिया गया है. मध्य विद्यालयों में प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग का प्रोजेक्ट पूर्ण करना अनिवार्य है.
विभिन्न विभागीय कार्यों की डेडलाइन
मध्य व उच्च विद्यालय में इंस्पायर अवार्ड के लिए प्रत्येक विद्यालय से 5-5 बच्चों का रजिस्ट्रेशन 15 सितंबर 2026 तक करना जरूरी है.
इसके अलावा अपार आईडी व आधार वेरिफिकेशन कर ई-शिक्षा कोष पर अपलोड करने, गूगल शीट में शिक्षकों का डाटा डालने, बोर्ड परीक्षा से 15 दिन पहले सिलेबस समाप्त करने और मध्याह्न भोजन की उपयोगिता राशि 15 सितंबर तक बीआरसी में जमा करने का निर्देश दिया गया. मौके पर बीईओ अशोक कुमार सहित सभी प्रधान शिक्षक मौजूद थे.
