दाउदनगर. वर्षों से जर्जर भवन में संचालित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दाउदनगर की बदहाल स्थिति अब जल्द ही अतीत बनने जा रही है. महिला एवं पुरुष वार्ड, चिकित्सक एवं कर्मी कक्ष निर्माण की योजना को जिला प्रशासन की हरी झंडी मिल गई है. जिलाधिकारी द्वारा प्रशासनिक स्वीकृति दिए जाने के बाद इस महत्वपूर्ण स्वास्थ्य परियोजना का रास्ता साफ हो गया है. 67 लाख 27 हजार 400 रुपये की लागत से होने वाले इस निर्माण कार्य को तीन महीने की अवधि में पूर्ण किया जाना है. इससे क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा सुधार होने की उम्मीद जताई जा रही है. जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से बीआरबीसीएल के सामाजिक निगम दायित्व (सीएसआर) मद के तहत यह कार्य कराया जा रहा है. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दाउदनगर में महिला एवं पुरुष वार्ड के साथ-साथ चिकित्सक एवं कर्मी कक्ष के निर्माण के लिए भवन निर्माण विभाग, औरंगाबाद के कार्यपालक अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता द्वारा तकनीकी अनुमोदन प्रदान किया गया था. इसके बाद जिलाधिकारी ने इस योजना को प्रशासनिक स्वीकृति दी है.
जर्जर है मौजूदा भवन
गौरतलब है कि दाउदनगर पीएचसी का मौजूदा भवन वर्ष 1963 में निर्मित है. लगभग छह दशक पुराने इस भवन की स्थिति अत्यंत जर्जर हो चुकी है. ओपीडी से लेकर भर्ती मरीजों की देखभाल तक का सारा कार्य इसी पुराने और असुरक्षित भवन में किया जा रहा है. महिला वार्ड और प्रसव कक्ष की स्थिति भी बेहद चिंताजनक बनी हुई है. कई बार छत का प्लास्टर टूटकर गिर चुका है, जिससे मरीजों, उनके परिजनों और स्वास्थ्यकर्मियों में हमेशा भय का माहौल बना रहता है. ऐसे में नये भवन और वार्डों का निर्माण लंबे समय से स्थानीय लोगों और स्वास्थ्य विभाग की प्राथमिक मांग रही है. इसी कड़ी में पीएचसी परिसर में मरीजों और उनके परिजनों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आधुनिक शेड के निर्माण की भी योजना है. इस शेड के निर्माण पर 11 लाख 86 हजार 300 रुपये की लागत आयेगी. पीएचसी में एक अत्यंत आवश्यक औषधि भंडार कक्ष का भी निर्माण किया जायेगा. इस औषधि कक्ष के निर्माण पर 35 लाख 55 हजार रुपये खर्च किये जायेंगे.
मिल सकेगी बेहतर सुविधा
इन तीनों योजनाओं–महिला एवं पुरुष वार्ड निर्माण, औषधि भंडार कक्ष और मरीजों के लिए शेड के पूर्ण हो जाने के बाद दाउदनगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की तस्वीर पूरी तरह बदल जायेगी. न सिर्फ मरीजों को बेहतर और सुरक्षित इलाज का वातावरण मिलेगा, बल्कि चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों को भी सुचारू रूप से कार्य करने में सुविधा होगी. स्थानीय लोगों में प्रशासनिक स्वीकृति की खबर से खुशी का माहौल है और उन्हें उम्मीद है कि तय समय सीमा के भीतर निर्माण कार्य पूरा कर पीएचसी को एक आधुनिक स्वरूप दिया जायेगा. यह परियोजना निश्चित रूप से दाउदनगर क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था को नयी मजबूती प्रदान करेगी.
