दाउदनगर. पिछले दो दिनों के दौरान हुई हल्की बारिश ने दाउदनगर की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी. औरंगाबाद–पटना मुख्य मार्ग स्थित एनएच-139 पर भखरुआं तिवारी मुहल्ला के समीप और दाउदनगर–गोह–गया रोड स्थित एनएच-120 पर बाजार समिति के आसपास भारी जलजमाव हो गया. सड़कें नदी जैसी नजर आने लगीं और कई जगह सड़क तथा पानी में अंतर करना मुश्किल हो गया.
राहगीरों और वाहन चालकों को उठानी पड़ी परेशानी
जलजमाव के कारण राहगीरों, दुकानदारों और वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा. छोटे-बड़े वाहन पानी के बीच से गुजरते रहे, जबकि तेज रफ्तार वाहनों से उछलते पानी के छींटों ने पैदल चलने वालों की मुश्किलें और बढ़ा दीं. कई स्थानों पर सड़क पूरी तरह पानी में डूब गई.
स्थानीय लोगों ने जताई बड़ी चिंता
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि हल्की बारिश में यह स्थिति है तो लगातार मानसूनी बारिश के दौरान हालात और गंभीर हो सकते हैं. उनका कहना है कि एनएच-139 पर वर्षों से जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर बारिश में जलजमाव की समस्या उत्पन्न होती है, जिससे सड़क भी लगातार क्षतिग्रस्त हो रही है.
एनएच-120 पर ऊंचा नाला बना समस्या की वजह
स्थानीय लोगों के अनुसार एनएच-120 पर सड़क से अधिक ऊंचाई पर बने नाले के कारण वर्षा का पानी उसमें प्रवेश नहीं कर पाता. इसके अलावा नालों की नियमित सफाई नहीं होने से पानी की निकासी बाधित रहती है. यही कारण है कि हर बारिश के बाद सड़क पर जलजमाव की स्थिति बन जाती है.
अनियोजित निर्माण को भी बताया जिम्मेदार
ग्रामीण एवं युवा राजद के प्रदेश सचिव अरुण कुमार ने कहा कि अनियोजित निर्माण और जल निकासी की अनदेखी भी समस्या का बड़ा कारण है. उन्होंने कहा कि लोगों ने मकान तो बना लिए, लेकिन वर्षा जल की निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं की. यदि कई घंटे लगातार बारिश हुई तो तिवारी मुहल्ला के अधिकांश घरों में रहना भी मुश्किल हो जाएगा.
विधानसभा में भी उठ चुका है जलजमाव का मुद्दा
ओबरा विधायक डॉ. प्रकाश चंद्र ने बिहार विधानसभा के पिछले सत्र में एनएच-139 पर जलजमाव का मुद्दा गैर-सरकारी संकल्प के माध्यम से उठाया था. उन्होंने आधुनिक जल निकासी प्रणाली, सीवरेज नेटवर्क और आवश्यक आधारभूत संरचनाओं के निर्माण की समयबद्ध योजना लागू करने की मांग की थी.
स्थायी समाधान के लिए भेजा गया नाला निर्माण का प्रस्ताव
सरकार की ओर से विधानसभा में बताया गया कि भखरुआं चौक से पटना की ओर जलजमाव नहीं होता, जबकि औरंगाबाद दिशा में पुलिया के सामने आबादी बस जाने से पानी की निकासी बाधित हो गई है. फिलहाल पंप के जरिए पानी निकाला जाता है. सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि पीबीएमसी योजना के तहत नाला निर्माण प्रस्तावित नहीं है. हालांकि दाउदनगर बाजार क्षेत्र में स्थायी समाधान के लिए करीब दो किलोमीटर लंबे नाले के निर्माण का प्रस्ताव सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के क्षेत्रीय कार्यालय को भेजा गया है. अब स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि वर्षों पुरानी इस समस्या का स्थायी समाधान जल्द होगा.
