मामले का खुलासा करने के लिए अब तक अंधेरे में ही तीर चला रही पुलिस
औरंगाबाद (नगर) : जम्होर थाना क्षेत्र के दुधैला गांव में तीन लोगों की हत्या हुए चार दिन बित गये. लेकिन पुलिस इस मामले का उद्भेदन अभी तक नहीं कर सकी है. बल्कि अंधेरे में तीर चला रही है, जो पुलिस के लिए सिर दर्द बन सकता है. गुरुवार की रात अज्ञात अपराधियों नें विष्णु धाम की जमीन पर कुटिया बना कर रहे दुधैला निवासी सूरज नारायण सिंह, उनकी पत्नी शांति देवी व रिश्तेदार अखिलेश कुमार की हत्या तेज हथियार से दिया था.
उस वक्त पुलिस को शव उठाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा था. करीब आठ घंटे बीत जाने के बाद वरीय पुलिस पदाधिकारी के आश्वासन पर शवों को ग्रामीणों ने उठाने दिया था. उस समय पुलिस ने शीघ्र ही अपराधियों को चिह्न्ति कर पकड़ लेने की बात कहीं थी. लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो सकी. इधर, हत्या की घटना से संबंधित प्राथमिकी मृतक सूरज नारायण सिंह के पुत्र के बयान पर जम्होर थाने में दर्ज किया गया है.
इसमें धार्मिक न्यास समिति के लोगों पर हत्या करवाने की शंका जाहिर की है. इसे पुलिस गंभीरता से जांच कर रही है. इधर, न्यास समिति पर हत्या की शंका जाहिर करने के बाद समिति के लोगों का कहना है कि 25 वर्ष पूर्व ही उक्त जमीन को विष्णु धाम के महंत द्वारा विद्यालय बनाने के लिए राज्यपाल के नाम से लिख दिया गया था.
जहां सूरज नारायण सिंह रहते थे,समिति को उस जमीन से कोई लेना देना नहीं हैं. यहां तक की उस जमीन से कोई आय भी मठ को नहीं मिलता था. रहीं शंका की बात तो उच्चस्तरीय पदाधिकारी से जांच करने पर सब स्पष्ट हो जायेगा. इस कांड में शामिल अपराधी को बचना कभी नहीं चाहिए, क्योंकि जघन्य अपराध किया है.
