बच्चों की जान जोखिम में

सुदंरगंज-अमौला मुख्य मार्ग में चचरी पुल ही सहारा... औरंगाबाद (कोर्ट) : पवई व दुधार पंचायत की सीमा पर सुंदरगंज-अमौना मुख्य मार्ग में बने चचरी के पुल से दर्जनों गांव के बच्चे जान जोखिम में डाल कर स्कूल जाते हैं. दो पंचायतों की सीमा पर होने के कारण दोनों पंचायतों के जनप्रतिनिधि अनदेखी अब तक करते […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | December 12, 2013 4:22 AM

सुदंरगंज-अमौला मुख्य मार्ग में चचरी पुल ही सहारा

औरंगाबाद (कोर्ट) : पवई व दुधार पंचायत की सीमा पर सुंदरगंज-अमौना मुख्य मार्ग में बने चचरी के पुल से दर्जनों गांव के बच्चे जान जोखिम में डाल कर स्कूल जाते हैं. दो पंचायतों की सीमा पर होने के कारण दोनों पंचायतों के जनप्रतिनिधि अनदेखी अब तक करते आ रहे हैं.

इसका नतीजा है कि चार-पांच साल से टूटे इस पुल का निर्माण अभी तक नहीं हुआ है. अमौना बिगहा, मेघराज, सिन्दुरिया, करेया, सनथुआ, सोहर बिगहा, चंदौली, अमौना सहित दर्जनों गांव के ग्रामीणों का आवागमन इसी पथ से होता है. इन सभी गांवों के लोगों व बच्चों को सुंदरगंज बाजार व स्कूलों में पहुंचने के लिए इसी रास्ते से होकर जाना पड़ता है.

जजर्र अवस्था में पहुंची इस चचरी के पुल से अब तक दुधार, सुंदरगंज व खेतपुरा सहित अन्य कई गांव के लोग गिर कर घायल हो चुके हैं. हजारों की आबादी के आवागमन के लिए इसी मुख्य रास्ता का उपयोग किया जाता है. ये लोग पैदल इस रास्ते किसी तरह गांव पहुंचते हैं. उक्त गांवों के बच्चों को भी इसी जजर्र चचरी के पुल से होकर स्कूल जाना पड़ता है.