फूल सदा तू हंसते रहते ... (फोटो नंबर-1) परिचय- कवि मोहन लाल रवि की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते गणमान्य लोग

कवि मोहन लाल रवि की मनायी जयंती हसपुरा (औरंगाबाद)प्रखंड के नरसंद निवासी लेखक, शायर व कवि स्व मोहन लाल रवि की 68 वीं जयंती उनके प्रतिमा स्थल के प्रांगण में मनायी गयी. इसकी अध्यक्षता पवन लाल ने की. मौके पर उपस्थित गण्यमान्य लोगों सहित ग्रामीण महिलाओं ने मोहन लाल रवि की प्रतिमा पर माल्यार्पण व […]

कवि मोहन लाल रवि की मनायी जयंती हसपुरा (औरंगाबाद)प्रखंड के नरसंद निवासी लेखक, शायर व कवि स्व मोहन लाल रवि की 68 वीं जयंती उनके प्रतिमा स्थल के प्रांगण में मनायी गयी. इसकी अध्यक्षता पवन लाल ने की. मौके पर उपस्थित गण्यमान्य लोगों सहित ग्रामीण महिलाओं ने मोहन लाल रवि की प्रतिमा पर माल्यार्पण व पुष्पांजलि अर्पित की. इस उपरांत विश्वनाथ लाल खत्री ने कहा आत्म झांकी नामक पुस्तक में सैकड़ों कविता,गजल, भजन को मोहन लाल रवि ने लिख कर लोगों के बीच संदेश दिया है कि गांव की ओर लोगों को लौटना ही होगा. स्व मोहन लाल रबी की कविता पढ़ते हुए उन्होंने कहा कि ‘ओम नम: शिवाय: आउ घर-घर मंगल छाये ‘ सचमुच में काबिले तारीफ कविता है. उनकी सोच इस कविता से है कि घर-घर में मंगल हो. दूसरी कविता ‘फूल सदा तू हंसते रहते, नभ से मोती झरते रहते, जन-जन मन में बसते रहते, छन-छान सौरभ गढ़ते रहते’ की पाठ से पवन लाल ने उपस्थित लोगों को तालियां बजाने पर मजबूर कर दिया. मौके पर हनुमंत लाल, वीर कुमार केसरी, बढि़या कुंवर, धर्मेंद्र कुमार ने उनके प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें याद किया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >