औरंगाबाद (ग्रामीण) सदर अस्पताल में पिछले कई महीने से जख्म संधारण कक्ष में कार्यरत हेल्थ एजुकेटर आलोक रंजन को उपाधीक्षक ने काम में शिथिलता बरतने के आरोप में हटा दिया है. सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ तपेश्वर प्रसाद ने अपने पत्रांक 1648 दिनांक 29/11/14 के माध्यम से पत्र निर्गत कर उन्हें कार्य में शिथिलता बरतने के आरोप में सदर अस्पताल से विरमित कर दिया है. मालूम हो कि पिछले कई महीनों से सदर अस्पताल में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत थे. लेकिन उपाधीक्षक ने इन्हें हटा दिया है. इस संबंध में हेल्थ एजुकेटर आलोक रंजन ने बताया कि मुझे साजिश के तहत फंसाया गया है, जो आरोप उनके द्वारा लगाया गया है वह गलत है. मैं सिविल सर्जन के आदेश पर सदर अस्पताल में आया था. हालांकि एक साजिश के तहत मुझे हटाया गया.
सदर अस्पताल से हेल्थ एजुकेटर विरमित
औरंगाबाद (ग्रामीण) सदर अस्पताल में पिछले कई महीने से जख्म संधारण कक्ष में कार्यरत हेल्थ एजुकेटर आलोक रंजन को उपाधीक्षक ने काम में शिथिलता बरतने के आरोप में हटा दिया है. सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ तपेश्वर प्रसाद ने अपने पत्रांक 1648 दिनांक 29/11/14 के माध्यम से पत्र निर्गत कर उन्हें कार्य में शिथिलता बरतने के […]
