औरंगाबाद कार्यालय : शहर से चंद किलोमीटर की दूरी पर स्थित बेला गांव में पूर्व विधायक सुरेश मेहता के भाई सरयू मेहता बिजली के करेंट की चपेट में आने से झुलस गये. घटना रविवार की सुबह की है. सरयू मेहता अपने घर के छत की सफाई कर रहे थे. इसी क्रम में छत के ऊपर से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के तार की चपेट में आ गये, जिससे झुलस गये.
आनन-फानन में परिजन उन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया. लगभग चार घंटे तक उनका इलाज अस्पताल में ही चला. इधर, अस्पताल में रहे पूर्व विधायक सहित गांव के लोगों ने कहा कि बिजली विभाग की लापरवाही और मनमानी से इस तरह की घटनाएं अक्सर होती है. लगभग दो दर्जन घरों के ऊपर से 11 हजार वोल्ट की तार गुजर रहा है. हर वक्त ग्रामीणों के सिर पर खतरा मंडराते रहता है.
1966 में गांव के बीच से तार खींचा गया था. धीरे-धीरे उसके नीचे घरों का बनना शुरू हुआ. कई बार ग्रामीणों ने बिजली विभाग के अधिकारियों को आवेदन देकर तार हटाने की गुहार लगायी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई. कुछ दिन पहले भी तार से होने वाली खतरों के प्रति विभाग को अवगत कराया गया था. इसके बावजूद कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गयी.
अगर यही हाल रहा तो ग्रामीण उग्र आंदोलन करेंगे. गौरतलब है कि बेला ही नहीं कई गांव ऐसे हैं जहां के घरों के सटे या ऊपर से तार गुजरा है. औरंगाबाद शहर के कई मुहल्ले के लोग भी परेशान है. पोखरा मुहल्ला से रामलखन सिंह यादव कॉलेज जाने वाली सड़क पर भी बिजली तार करीब से झुलती नजर आती है. उसी मुहल्ले में लगभग दो दर्जन घरों के छतों से भी तार गुजरी है.
