आरा.
करनामेपुर थाना क्षेत्र में आर्केस्ट्रा पार्टी संचालक की शह पर उसके दो कर्मियों द्वारा यूपी निवासी नाबालिग महिला डांसर से दुष्कर्म किया गया है. डांसर के पिता का आरोप है कि आर्केस्ट्रा संचालक द्वारा चिकेन खिलाने के बहाने मेरी बेटी को जबरन शराब पिलायी गयी. उसके बाद आर्केस्ट्रा पार्टी के दो अन्य कर्मियों द्वारा बाइक से एक झाड़ी में ले जाने के बाद उसके साथ दुष्कर्म किया गया. हालांकि रविवार की सुबह मामला सामने आने के बाद पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया. इनमें करनामेपुर थाना क्षेत्र के सैंया के डेरा गांव निवासी सह आर्केस्ट्रा पार्टी संचालक लक्ष्मण यादव, उसी थाना क्षेत्र के महुआर इंग्लिश गांव निवासी अशोक यादव और गयाजी जिले के बाराचट्टी थाना क्षेत्र के ब्रह्मदेव डेरा निवासी जितेंद्र कुमार यादव शामिल हैं. पुलिस के अनुसार अशोक यादव आर्केस्ट्रा का डीजे ऑपरेटर, जबकि जितेंद्र कुमार यादव पिकअप चालक है. तीनों को पूछताछ और जांच के बाद जेल भेज दिया गया. इस मामले में तीनों के खिलाफ नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में पॉक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी भी दर्ज की गयी है. इधर, सदर एसडीपीओ-टू रंजीत कुमार सिंह ने बताया कि यह घटना शनिवार की रात की है. मामले में विधि सम्मत कार्रवाई करते हुए पीड़िता की मेडिकल जांच करायी गयी. मामले में आगे की कानून कार्रवाई की जा रही है.15 रोज पहले आर्केस्ट्रा पार्टी में डांस करने भोजपुर आयी थी पीड़िता यूपी की नाबालिग डांसर अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए पैसे कमाने के उद्देश्य से 15 रोज पूर्व जिले में आयी थी. वह करनामेपुर बाजार में एक आर्केस्ट्रा पार्टी में डांसर का काम करती थी, लेकिन संरक्षक ही भक्षक निकल गया. एक फरवरी को ही वह करनामेपुर बाजार में लक्ष्मण यादव के आर्केस्ट्रा पार्टी में काम करने आयी थी. उसके लिए वह एक किराये के मकान में रहती थी. शनिवार की रात वह आर्केस्ट्रा संचालक के साथ एक कार्यक्रम में गयी थी. वहां से संचालक के साथ उनके रूम में पहुंची. संचालक से कहा कि उसके रूम तक पहुंचा दीजिए. लेकिन संचालक ने उसके साथ गलत किया. डांसर ने दर्ज प्राथमिकी में कहा है कि शनिवार की रात करीब 10 बजे आर्केस्ट्रा संचालक लक्ष्मण यादव द्वारा मारपीट करने के बाद उसे जितेंद्र कुमार यादव और अशोक यादव को सौंप दिया गया. दोनों उसे जबरन बाइक से एक जंगल में ले गये. वहां जितेंद्र कुमार यादव द्वारा उसके साथ दुष्कर्म किया गया. अशोक यादव द्वारा भी दुष्कर्म का प्रयास किया, लेकिन उसके विरोध करने के कारण वह सफल नहीं हो सका. उसके बाद दोनों फिर उसे लक्ष्मण यादव के डेरा पर ले गये, जहां उसके साथ मारपीट की गयी. तब किसी तरह उसके द्वारा डायल 112 को सूचना दी गयी.
