पुलिस घटनास्थल पर पहुंच मामले की छानबीन में जुटीआरोपित जवान की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस कर रही छापेमारी
By DEVENDRA DUBEY | Updated at :
आरा
. मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बभनौली गांव में सोमवार की सुबह आइटीबीपी जवान ने अपने ही चचेरे भाई की गोली मारकर हत्या कर दी. मृतक को काफी करीब से सिर में बाएं साइड गोली मारी गयी है, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गयी. घटना को लेकर गांव एवं आसपास के इलाके में सनसनी मच गयी. मामला आपसी रंजिश का बताया जा रहा है. उधर, घटना की सूचना मिलते ही सदर एसडीपीओ-वन राजकुमार साह एवं मुफस्सिल थानाध्यक्ष राम कल्याण यादव अतिरिक्त पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंच मामले की छानबीन की. घटनास्थल पर पहुंची एफएसएल की टीम ने कई साक्ष्य को इकट्ठा किया. जानकारी के अनुसार मृतक मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बभनौली गांव वार्ड नंबर-6 निवासी अंबिका तिवारी के 52 वर्षीय पुत्र गणेश तिवारी हैं, जो किसान थे. इधर, मृतक के बेटे रोहित तिवारी उर्फ गोलू ने बताया कि उसके पट्टीदार में बसंत तिवारी आइटीबीपी जवान है. वर्तमान में उत्तराखंड के हरिद्वार में पोस्टेड है. जब भी वह गांव आता है, तो दबंगई दिखाता है और अपने पिस्टल से फायरिंग करता है. रविवार की रात हरिद्वार से वापस घर आया था. सोमवार की सुबह जब उसके पिता गणेश तिवारी अपने घर के बाहर गाय को चारा दे रहे थे. उसी दौरान बसंत तिवारी आया और उनकी गोली मारकर हत्या कर दी. घटना को अंजाम देने के बाद वह मौके से फरार हो गया. पुलिस ने शव अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम सदर अस्पताल में करवाया. पोस्टमार्टम के दौरान शव से एक बुलेट बरामद किया गया. मृतक के चचेरे भाई मनोज कुमार तिवारी ने बताया कि उसका बभनौली मोड़ के पास हार्डवेयर की दुकान है. तीन माह पहले जब वह अपने हार्डवेयर की दुकान पर बैठा था. बसंत तिवारी छुट्टी पर घर आया था. तभी बसंत तिवारी द्वारा उन पर भी फायरिंग की थी. इसे लेकर उनके द्वारा स्थानीय थाने में उसके खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज करायी गयी थी. हालांकि पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गयी. उन्होंने बताया कि गणेश तिवारी से उसका कोई विवाद नहीं था. सोमवार की सुबह जब वह अपने दरवाजे के बाहर गाय को चारा दे रहे थे, तभी बसंत तिवारी आया और उनकी गोली मारकर हत्या कर दी. सदर एसडीपीओ-वन राजकुमार साह ने बताया कि बभनौली गांव में गणेश तिवारी की गोली मारकर हत्या कर दी गयी. सूचना मिलते ही वे खुद घटनास्थल पर पहुंच पड़ताल शुरू की. आरोपित आइटीबीपी जवान है. दोनों पक्षों में घरेलू विवाद था, जिसको लेकर आरोपित दबंगई करता था. घटनास्थल पर एफएसएल एवं डीआइयू की टीम को बुलाया गया है. कई साक्ष्य को इकट्ठा हुए हैं. घटनास्थल से गोली का खोखा एवं दो बुलेट का पिलेट बरामद हुआ है. आरोपित की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है. बताया जाता है कि मृतक अपने दो भाई व तीन बहन में बड़े थे. उनके परिवार में पत्नी शांति देवी, दो पुत्र रोहित तिवारी उर्फ गोलू, दीपक तिवारी एवं एक पुत्री नेहा कुमारी है. घटना के बाद मृतक के घर में हाहाकार मच गया है. उसकी पत्नी शांति देवी एवं परिवार के सभी सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है.