बाबूजी कुशल प्रशासक और सामाजिक न्याय के सजग प्रहरी थे : मीरा कुमार

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने कहा, बाबू जगजीवन राम का संपूर्ण जीवन एक जीवंत प्रेरणा है

आरा.

देश के पूर्व उपप्रधानमंत्री एवं सामाजिक न्याय के प्रखर प्रहरी बाबू जगजीवन राम की 39वीं पुण्यतिथि के अवसर पर सोमवार को पार्टी कार्यालय शहीद भवन में भोजपुर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अशोक राम की अध्यक्षता में एक श्रद्धांजलि सभा हुई. संचालन डॉ अमित कुमार द्विवेदी प्रवक्ता भोजपुर जिला कांग्रेस कमेटी तथा धन्यवाद ज्ञापन वरिष्ठ नेता उपेंद्र सिंह मुखिया जी ने किया. कार्यक्रम की शुरुआत बाबू जगजीवन राम की आदमकद प्रतिमा पर उपस्थित अतिथिगणों द्वारा माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर की गयी.

प्रवक्ता डॉ अमित कुमार द्विवेदी के नेतृत्व में राजेश राम अध्यक्ष बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी को फूल-माला पहना कर और अंगवस्त्र से स्वागत किया गया. बतौर मुख्य अतिथि राजेश राम ने श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए कहा कि बाबू जगजीवन राम का संपूर्ण जीवन, एक जीवंत प्रेरणा है. उन्होंने बचपन में सामाजिक भेदभाव और छुआछूत जैसी क्रूर कुरीतियों का सामना किया, लेकिन कभी हार नहीं मानी. कठिन परिस्थितियों के बीच शिक्षा प्राप्त की और सार्वजनिक जीवन में प्रवेश कर भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में एक अमिट छाप छोड़ी. आज हमें बाबूजी के आदर्शों को आत्मसात करते हुए यह संकल्प लेना चाहिए कि हम सामाजिक न्याय, शिक्षा और समानता की लड़ाई को उनके दिखाए रास्ते पर चलकर आगे बढ़ायेंगे. विशिष्ट अतिथि बहन मीरा कुमार, पूर्व लोकसभा अध्यक्षा ने अपने संबोधन में बताया कि वे एक ख्यातिलब्ध स्वतंत्रता संग्राम के सेनानी, कुशल प्रशासक और सामाजिक न्याय के सजग प्रहरी थे. उन्होंने न केवल दलित समुदाय के अधिकारों के लिए संघर्ष किया, बल्कि पूरे समाज को एकता, समता और समर्पण का मार्ग दिखाया. उनकी सोच समावेशी थी और पूरा जीवन राष्ट्रहित हित में समर्पित था.

अध्यक्षीय संबोधन में जिलाध्यक्ष अशोक राम ने कहा कि बाबू जगजीवन राम केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि भारत की सामाजिक क्रांति के पुरोधा थे. उन्होंने न केवल संविधान के मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात किया, बल्कि देश के वंचित, शोषित और दलित समाज को एक नई पहचान और सम्मान दिलाने का कार्य किया. उनका संपूर्ण जीवन संघर्ष, समर्पण और सेवा की मिसाल रही हैं. वे पहले ऐसे नेता थे जिन्होंने सत्ता के शिखर पर रहते हुए भी जड़ों से जुड़ाव नहीं छोड़ा. उनका व्यक्तित्व विशाल था, मगर दृष्टि हमेशा जमीनी हकीकत पर टिकी रही. आज के युवाओं को उनके जीवन से सीख लेनी चाहिएं. सभा में कई सांसद, विधायक, वरिष्ठ कांग्रेसजन एवं समाज के गणमान्य व्यक्तियों ने अपने विचार रखा और बाबू जगजीवन राम जी के प्रति सामूहिक रूप से श्रद्धांजलि अर्पित किया. श्रद्धांजलि सभा में मुख्यतः, डॉ अजय कुमार सिंह पूर्व विधान पार्षद, डॉ शशि कुमार सिंह एआइसीसी. डेलीगेट, त्रिवेणी प्रसाद सिंह, कुमार मोतीलाल शर्मा, अजय कुमार चौधरी, शशि भूषण पंडित, मंजीत आनंद साहू, बैद्यनाथ शर्मा, नरेंद्र कुमार विकल, प्रवीण सिंह कुशवाहा, शकीलुरहमान, रजी अहमद, सत्यप्रकाश राय, प्रो बलिराज ठाकुर, मुकेश चंद्रवंशी, निर्मल सिंह, श्रीधर तिवारी, संतोष पांडेय, अभिषेक द्विवेदी, प्रेम शंकर सिंह उर्फ गोलू, सिंह, राकेश त्रिपाठी, गजेंद्र चौधरी, अमिता पांडेय, रीता सिंह, मोहम्मद शरीक खान, अभिषेक तिवारी उर्फ गोलू तिवारी, अरशद रिजवी, फजलुर्रहमान, रशीद इमाम मिंटू, एस पी राय, लुटावन राम चौरसिया, अविनाश मिश्रा, ब्रजेश यादव, प्रेम प्रकाश पांडेय सहित सैकड़ों नेता और कार्यकर्ता शामिल थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: DEVENDRA DUBEY

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >