Bharat Tiwari Encounter Case Reaches Delhi : भोजपुर जिले के चर्चित भरत तिवारी कथित एनकाउंटर मामले को लेकर शुक्रवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर श्रद्धांजलि सभा और न्याय अधिकार सभा का आयोजन किया गया. एनकाउंटर की घटना को एक माह पूरा होने के मौके पर आयोजित इस कार्यक्रम में भरत तिवारी के परिजनों और समर्थकों ने एकजुट होकर न्याय की मांग उठाई.
कार्यक्रम में भरत तिवारी की मां आशा देवी, बहन रूबी पांडेय, भाई चंदन तिवारी, मामा भगवती पांडेय, चचेरे भाई लव कुमार, राजेश पांडेय समेत सैकड़ों की संख्या में परिजन और समर्थक शामिल हुए. यह आयोजन क्रांतिवीर भरत तिवारी न्याय संघर्ष मोर्चा के बैनर तले किया गया.
Jantar Mantar Protest : जंतर-मंतर से उठी निष्पक्ष जांच की मांग
आयोजकों के अनुसार, सभा में भरत तिवारी को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ ही मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग को राष्ट्रीय स्तर पर उठाया गया.
कार्यक्रम के संयोजक पंकज त्रिपाठी ने कहा कि जंतर-मंतर से केंद्र सरकार के समक्ष यह मांग रखी गई कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि कोई पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई हो.
उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए आंदोलन को आगे भी जारी रखा जाएगा.
Arrah News : एक माह पूरा होने पर आयोजित हुई सभा
बता दें कि भोजपुर के बिलौटी गांव निवासी भरत तिवारी की कथित एनकाउंटर में मौत के बाद से ही मामला चर्चा में बना हुआ है. घटना के एक महीने पूरे होने पर दिल्ली में श्रद्धांजलि सभा आयोजित कर समर्थकों ने अपनी मांगों को मजबूती से रखा.
सभा में शामिल लोगों ने भरत तिवारी के परिवार के लिए न्याय की मांग की और पूरे मामले की जांच को जरूरी बताया.
Bharat Tiwari Justice Sangharsh Morcha : देशव्यापी आंदोलन की तैयारी
कार्यक्रम में बिहार के अलावा उत्तर प्रदेश, हरियाणा और अन्य राज्यों से भी भरत तिवारी के समर्थक पहुंचे थे. सभा के दौरान आगे के आंदोलन और देशव्यापी अभियान को लेकर भी चर्चा की गई.
आयोजकों ने बताया कि न्याय की मांग को लेकर हस्ताक्षर अभियान चलाया जा रहा है. संयोजक पंकज त्रिपाठी के अनुसार, अब तक इस अभियान में करीब 40 से 45 लाख लोगों ने भाग लिया है.
उन्होंने बताया कि इस अभियान का लक्ष्य एक करोड़ लोगों को जोड़ना है. अभियान पूरा होने के बाद प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की जाएगी.
आंदोलन को आगे बढ़ाने की रणनीति पर चर्चा
सभा के दौरान समर्थकों ने आगे की रणनीति पर विचार-विमर्श किया. आयोजकों का कहना है कि जब तक मामले में निष्पक्ष जांच और परिवार को न्याय नहीं मिलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.
