भरत तिवारी एनकाउंटर केस में SDPO, SHO समेत 5 पुलिसकर्मियों पर FIR, मां की शिकायत पर हुई कार्रवाई

Bharat Tiwari Encounter Case: भोजपुर के चर्चित भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में बड़ा मोड़ आ गया है. भरत तिवारी की मां के आवेदन पर पांच पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. भोजपुर एसपी ने इसकी पुष्टि की है.

Bharat Tiwari Encounter Case: भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है. भरत तिवारी की मां आशा देवी के आवेदन के आधार पर SDPO, शाहपुर थाने के SHO समेत पांच पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. भोजपुर के एसपी राज ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की है. घटना के बाद शाहपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन दिया गया था.

मां ने आवेदन में लगाए गंभीर आरोप

भरत तिवारी की मां आशा देवी ने पुलिस अधीक्षक को दिए आवेदन में कई गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि उनका बेटा बाढ़ विस्थापितों की समस्याओं को लेकर लगातार प्रशासन से संघर्ष कर रहा था और लोगों की आवाज उठा रहा था.

आवेदन के अनुसार, घटना वाले दिन कई पुलिस पदाधिकारी और जवान उनके घर पहुंचे. पुलिस ने भरत तिवारी को अपने साथ चलने के लिए कहा. इसके बाद जो कुछ हुआ, उसे लेकर परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े किए हैं.

‘फेसबुक लाइव के दौरान हथियार फेंक दिया था’

आशा देवी ने अपने आवेदन में दावा किया है कि पुलिस के सामने पहुंचने के बाद भरत तिवारी ने फेसबुक लाइव के दौरान अपने हाथ में मौजूद हथियार फेंक दिया था. उन्होंने खुद को पुलिस के हवाले भी कर दिया था.

परिजनों का आरोप है कि इसके बावजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें पकड़कर जमीन पर गिरा दिया. इसके बाद उन पर लगातार गोलियां चलाई गईं. आवेदन में कहा गया है कि भरत तिवारी को पांच गोलियां लगी थीं.

DSP के आदेश पर गोली चलाने का आरोप

आवेदन में यह भी दावा किया गया है कि जगदीशपुर पुलिस उपाधीक्षक के आदेश पर गोली चलाई गई. परिवार ने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है.

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‘कई घंटों तक नहीं दी गई सही जानकारी’

आशा देवी ने आरोप लगाया कि घटना के बाद पुलिस भरत तिवारी को अपने साथ ले गई. इसके बाद कई घंटों तक परिवार को सही जानकारी नहीं दी गई. परिजनों का कहना है कि शाम के समय उन्हें सूचना दी गई कि भरत तिवारी की मौत हो चुकी है. इस सूचना के बाद परिवार में कोहराम मच गया.

केस में आया नया मोड़

अब आशा देवी के आवेदन के आधार पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है. एफआईआर दर्ज होने के बाद यह मामला एक नए मोड़ पर पहुंच गया है. आने वाले दिनों में जांच की दिशा और पुलिस की भूमिका पर सबकी नजरें टिकी रहेंगी.

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By Abhinandan pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.
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