Arrah News: (नरेन्द्र प्रसाद सिंह) भोजपुर के समाहरणालय परिसर में गंदगी का अंबार लगा हुआ है, लेकिन इसकी नियमित सफाई नहीं की जा रही है. इससे आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. जिले के प्रशासनिक महकमे के सबसे बड़े अधिकारी भी इसी परिसर में बैठते हैं, इसके बावजूद परिसर की साफ-सफाई की स्थिति बदहाल बनी हुई है.
सफाई कर्मियों पर लापरवाही का आरोप
समाहरणालय परिसर की सफाई के लिए सफाई कर्मी नियुक्त किए गए हैं, लेकिन उन्हें अक्सर परिसर में नहीं देखा जाता. स्थानीय लोगों का कहना है कि कभी-कभार सफाई की जाती है, लेकिन वह भी सिर्फ औपचारिकता बनकर रह जाती है. लोगों का सवाल है कि जब सफाई व्यवस्था पर नियमित रूप से खर्च किया जा रहा है, तो फिर जमीनी स्तर पर सफाई क्यों नहीं दिख रही है.
प्रतिदिन हजारों लोग आते हैं समाहरणालय
समाहरणालय में प्रतिदिन जिले भर से हजारों लोग अपने काम के लिए आते हैं. लेकिन परिसर में फैली गंदगी देखकर लोगों में नाराजगी देखी जा रही है. आम लोगों का कहना है कि जब जिला प्रशासन के मुख्य परिसर की यह स्थिति है, तो अन्य सरकारी कार्यालयों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है.
स्वच्छता अभियान की सच्चाई पर सवाल
केंद्र और राज्य सरकार द्वारा स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण सुनिश्चित करना है. लेकिन समाहरणालय परिसर की स्थिति इस अभियान की हकीकत को उजागर कर रही है. स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को पहले अपने परिसर की सफाई व्यवस्था सुधारनी चाहिए, तभी स्वच्छता अभियान का संदेश प्रभावी माना जाएगा.
