दुखद . पांच घंटे के परिश्रम के बाद एनडीआरएफ की टीम को िमली सफलता
सोमवार को दो मासूम बच्चे सीता धार में खेलने के दौरान डूब गये थे. एनडीआरएफ की टीम बच्चों के शव की खोज में जुटी हुई थी. मंगलवार की सुबह घटनास्थल से दो किलोमीटर की दूरी पर दोनों बच्चों का शव िमला.
अररिया : नगर थाना क्षेत्र के खरैहया बस्ती के दो मासूमों के शवों को एनडीआरएफ के टीम द्वारा मंगलवार की सुबह सीता धार से खोज कर निकाल लिया गया. ज्ञात हो कि सोमवार को स्कूल से लौटकर खरैहया बस्ती के स्वर्गीय एहतेशाम के पुत्र मो वासिफ व अबू बकर के पुत्र मो हब्बीउल्लाह खेलने के क्रम में नदी के तट पर चले गये थे,
जहां पांव फिसल जाने के कारण वे दोनों नदी में डूब गये. सूचना पर पहुंचे नगर थानाध्यक्ष द्वारा नदी से शव को खोजने के लिए एनडीआरएफ की टीम को बुलाया गया. 12 सदस्यीय टीम के साथ पहुंचे एनडीआरएफ के इंस्पेक्टर राजीव रंजन द्वारा नौ बजे रात तक नदी में दोनों बच्चों के शव को मोटर बोट से खोजने का प्रयास किया गया. लेकिन दोनों बच्चों का शव नहीं मिल पाया. मंगलवार की सुबह पौने पांच बजे 15 सदस्यीय दल के साथ एनडीआरएफ के इंस्पेक्टर राजीव रंजन पुन: नदी तट पर पहुंचे.
गहरे पानी में दबा था बच्चों का शव
एनडीआरएफ के टीम का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर राजीव रंजन ने बताया कि स्थानीय पूर्व पार्षद नूर आलम व अन्य ग्रामीणों की मौजूदगी में दोनों बच्चों के शवों की खोज शुरू की गयी. उन्होंने बताया कि सुबह साढ़े छह बजे मो वासिफ का शव घटनास्थल से दो किलोमीटर की दूरी पर नदी के गहरे पानी में दबा हुआ मिला, जबकि दस बजे के करीब दूसरे बच्चे हब्बीउल्लाह का शव घटनास्थल से पांच सौ मीटर की दूरी पर नदी के गहरे पानी में दबा मिला. उन्होंने बताया कि दोनों बच्चों के शवों को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया. ग्रामीणों ने एनडीआरएफ के जवानों द्वारा किये गये मेहनत की सराहना की.
