वैभव सूर्यवंशी की बढ़ती डिमांड, हाथ में बल्ला लेकिन अभी भी खाली क्यों है स्पॉन्सरशिप स्लॉट?

Vaiabhav Suryavanshi Bat: सिर्फ 15 साल की उम्र में रनों की बारिश करने वाले वैभव सूर्यवंशी ने न सिर्फ क्रिकेट प्रेमियों का दिल जीता है, बल्कि विज्ञापन जगत की भी नजरें उन पर टिक गई हैं. वे इन दिनों कई बड़े ब्रांडों की पहली पसंद बने हुए हैं, जो उन्हें अपने बैट स्पॉन्सर के तौर पर देखना चाहते हैं.

Vaiabhav Suryavanshi Bat: महज 15 साल की उम्र में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से क्रिकेट जगत में सनसनी मचाने वाले वैभव सूर्यवंशी अब मैदान के साथ-साथ विज्ञापन जगत में भी बड़ी पहचान बन चुके हैं. शानदार प्रदर्शन के बाद कई बड़ी कंपनियां उन्हें अपने बैट ब्रांड से जोड़ना चाहती हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने अभी तक किसी नए स्पॉन्सर के साथ अंतिम समझौता नहीं किया है.

जल्दबाजी नहीं करना चाहते वैभव

रिपोर्ट्स के मुताबिक, वैभव सूर्यवंशी और उनकी टीम किसी भी नए करार को लेकर जल्दबाजी नहीं करना चाहती. उनका मानना है कि बैट पर लगने वाला स्टिकर केवल एक विज्ञापन नहीं बल्कि खिलाड़ी की ब्रांड पहचान का अहम हिस्सा होता है. इसलिए वे ऐसे ब्रांड का चयन करना चाहते हैं जो लंबे समय तक उनके करियर के साथ जुड़ा रहे.

करोड़ों की डील पर अटका मामला

सूत्रों के अनुसार, शुरुआत में कई टायर कंपनियों ने वैभव सूर्यवंशी के बैट स्पॉन्सर बनने में गहरी रुचि दिखाई थी. यहां तक कि कुछ कंपनियां बेहद आकर्षक ऑफर देने के लिए भी तैयार थीं. हालांकि, इस महंगे एंडोर्समेंट सौदे के फायदे को लेकर अब संभावित स्पॉन्सर्स फिर से सोच-विचार कर रहे हैं. दोनों पक्षों के बीच बातचीत जारी है और उम्मीद है कि जल्द ही वैभव के बैट पर नए स्पॉन्सर का लोगो दिखाई देगा.

कंपनियां ₹6 करोड़ तक ही तैयार

सूत्रों का कहना है कि वैभव सूर्यवंशी की टीम कम से कम 12 करोड़ रुपये सालाना की स्पॉन्सरशिप डील चाहती है. दूसरी ओर, दिलचस्पी दिखा रहीं टायर कंपनियां फिलहाल 6 करोड़ रुपये प्रति वर्ष से अधिक भुगतान करने के पक्ष में नहीं हैं. यानी कंपनियों का प्रस्ताव मांग की तुलना में लगभग 50 प्रतिशत कम है.

पुराने अनुबंध से 12 गुना बड़ी हो सकती है नई डील

यदि दोनों पक्षों के बीच 6 करोड़ रुपये प्रति वर्ष पर भी समझौता हो जाता है, तो यह वैभव की पिछली बैट स्पॉन्सरशिप डील की तुलना में लगभग 12 गुना अधिक होगी. इससे पहले उन्हें अपने बैट स्पॉन्सर से करीब 50 लाख रुपये सालाना मिलते थे.

पहले ₹50 लाख सालाना की थी बैट स्पॉन्सरशिप

वैभव सूर्यवंशी इससे पहले एक बैट निर्माता कंपनी के साथ जुड़े हुए थे, जिससे उन्हें करीब 50 लाख रुपये प्रति वर्ष की स्पॉन्सरशिप राशि मिलती थी. सूत्रों के मुताबिक, वह कंपनी अब भी उन्हें अपने साथ बनाए रखना चाहती है. हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि वह नई संभावित डील के मुकाबले कितनी बड़ी पेशकश कर पाएगी.

मौजूदा अनुबंध भी बना हुआ है वजह

जानकारी के अनुसार, वैभव का मौजूदा बैट स्पॉन्सरशिप अनुबंध अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है. ऐसे में नया करार करने से पहले सभी कानूनी और व्यावसायिक पहलुओं की समीक्षा की जा रही है. इसी कारण अंतिम फैसला लेने में समय लग रहा है.

आधिकारिक घोषणा का इंतजार

फिलहाल वैभव सूर्यवंशी या उनकी प्रबंधन टीम की ओर से किसी नए बैट स्पॉन्सर को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है. ऐसे में करोड़ों रुपये के संभावित सौदों की चर्चा जारी है, लेकिन अंतिम तस्वीर आधिकारिक पुष्टि के बाद ही साफ होगी.

अंतरराष्ट्रीय डेब्यू पर टिकी निगाहें

स्पॉन्सरशिप के साथ-साथ क्रिकेट प्रशंसकों की नजरें वैभव सूर्यवंशी के अंतरराष्ट्रीय डेब्यू पर भी टिकी हुई हैं. उन्होंने अभी तक भारत की सीनियर टीम के लिए पदार्पण नहीं किया है. ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि टीम प्रबंधन उन्हें आगामी मुकाबलों में मौका देता है या नहीं.

दूसरे टी20 में मिल सकता है मौका

सूत्रों के अनुसार, आयरलैंड के खिलाफ सीरीज के दूसरे टी20 मुकाबले में टीम प्रबंधन युवा बल्लेबाज को प्लेइंग इलेवन में शामिल करने पर विचार कर सकता है. पहले मैच में 34 रन की हार के बाद भारतीय टीम वापसी के इरादे से उतरेगी और ऐसे में वैभव सूर्यवंशी को मौका मिलने की संभावना पर सभी की नजर रहेगी.

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Published by: Ritu Raj

प्रभात खबर डिजिटल में स्पोर्ट्स कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत। खेल पत्रकारिता में एक साल का अनुभव और स्पोर्ट्स की हर छोटी-बड़ी खबर पर पैनी नजर। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में मास्टर्स। उद्देश्य है पाठकों तक तेज, सटीक और विश्वसनीय स्पोर्ट्स कवरेज पहुँचाना।

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