FIFA World Cup 2026: मेसी के लिए यह मुकाबला उतार-चढ़ाव भरा रहा. शुरुआत में पेनल्टी मिस करने के कारण उन पर दबाव जरूर आया, लेकिन उन्होंने अपनी मानसिक मजबूती और अनुभव का परिचय देते हुए शानदार वापसी की. मैच के अहम समय पर उनका गोल अर्जेंटीना के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हुआ और टीम को जीत की राह पर वापस ले आया. इसके बाद अर्जेंटीना ने आक्रामक खेल दिखाते हुए मुकाबले पर नियंत्रण बनाया और क्वार्टर फाइनल का टिकट हासिल कर लिया.
पेनल्टी मिस करने के बाद भी बने मैच के सबसे बड़े हीरो
मेसी के लिए मैच की शुरुआत खराब रही और उन्होंने पहले हाफ में पेनल्टी मिस कर दी. लेकिन उन्होंने शानदार वापसी करते हुए 84वें मिनट में गोल दागकर स्कोर बराबर किया, जिससे अर्जेंटीना की जीत का रास्ता खुला. इस जीत के साथ ही टीम ने क्वार्टर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली.
विश्व कप इतिहास में सबसे ज्यादा असिस्ट का रिकॉर्ड
मिस्र के खिलाफ मुकाबले में मेसी ने अपने विश्व कप करियर का नौवां असिस्ट दर्ज किया. इसके साथ ही उन्होंने डिएगो माराडोना को पीछे छोड़ते हुए 1966 के बाद से विश्व कप इतिहास में सबसे ज्यादा असिस्ट करने वाले खिलाड़ी बनने का गौरव हासिल किया.
लगातार छह नॉकआउट मैचों में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी
मेसी ने विश्व कप नॉकआउट मुकाबलों में लगातार छह मैचों में गोल करने का अनोखा रिकॉर्ड बनाया. इस उपलब्धि में 2022 विश्व कप के चार नॉकआउट मुकाबले और 2026 विश्व कप के दो नॉकआउट मैच शामिल हैं. ऐसा करने वाले वह विश्व फुटबॉल इतिहास के पहले खिलाड़ी बन गए.
नॉकआउट चरण में सबसे ज्यादा गोल योगदान
इस मैच के बाद मेसी के विश्व कप नॉकआउट मुकाबलों में कुल 14 गोल योगदान (7 गोल और 7 असिस्ट) हो गए. इसके साथ उन्होंने किलियन एम्बाप्पे का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया और पिछले छह दशकों में नॉकआउट चरण में सबसे ज्यादा गोल योगदान देने वाले खिलाड़ी बन गए.
एक अनचाहा रिकॉर्ड भी दर्ज
हालांकि मेसी ने कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कीं, लेकिन उनके नाम एक अनचाहा रिकॉर्ड भी जुड़ गया. मैच में पेनल्टी चूकने के बाद वह विश्व कप के एक ही संस्करण में दो पेनल्टी मिस करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए (पेनल्टी शूटआउट को छोड़कर). अब तक उन्होंने विश्व कप में आठ पेनल्टी ली हैं, जिनमें से चार पर गोल नहीं कर सके.
लगातार नौ विश्व कप मैचों में गोल का रिकॉर्ड
मेसी ने अपने एक और शानदार गोल के साथ विश्व कप के लगातार नौ मैचों में गोल करने के अपने रिकॉर्ड को और आगे बढ़ा दिया है. यह उपलब्धि उनकी जबरदस्त फॉर्म और खेल में निरंतरता का बेहतरीन उदाहरण है.
गोल्डन बूट की दौड़ में सबसे आगे
मिस्र के खिलाफ किया गया गोल मेसी का टूर्नामेंट का आठवां गोल था. इसके साथ वह गोल्डन बूट की रेस में सबसे आगे पहुंच गए. उनके बाद किलियन एम्बाप्पे और एरलिंग हालांड सात-सात गोल के साथ दूसरे स्थान पर हैं.
अर्जेंटीना के लिए बराबरी का ऐतिहासिक रिकॉर्ड
मेसी ने एक ही विश्व कप संस्करण में आठ गोल कर अर्जेंटीना के महान खिलाड़ी गिलेरमो स्टाबिले के 1930 में बनाए गए रिकॉर्ड की बराबरी कर ली. यह रिकॉर्ड लगभग एक सदी तक कायम रहा था.
नॉकआउट में गोल और असिस्ट का अनोखा रिकॉर्ड
यह तीसरा मौका था जब मेसी ने किसी विश्व कप नॉकआउट मुकाबले में एक ही मैच में गोल भी किया और असिस्ट भी दिया. उनके विश्व कप करियर में यह उपलब्धि किसी भी अन्य खिलाड़ी से अधिक है.
विश्व कप के सर्वकालिक शीर्ष गोल स्कोरर
मिस्र के खिलाफ गोल करने के साथ ही मेसी ने विश्व कप में अपने कुल गोलों की संख्या 21 कर ली है. इसके साथ ही, वे विश्व कप इतिहास के सबसे बड़े गोल स्कोरर के रूप में और भी आगे निकल गए हैं.
माराडोना की ऐतिहासिक उपलब्धि की बराबरी
इस मुकाबले में मेसी ने गोल करने के साथ पांच से अधिक सफल ड्रिब्लिंग और पांच से अधिक ओपन-प्ले मौके भी बनाए. वह 1986 विश्व कप में बेल्जियम के खिलाफ डिएगो माराडोना के बाद ऐसा करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए.
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