श्रीलंकाई महिला क्रिकेटरों पर हो रहे शारीरिक शोषण की होगी जांच
कोलंबो : श्रीलंका महिला क्रिकेटरों को टीम में जगह बनाने के लिए हो रहे शारीरिक शोषण का मामला अब तुल पकड़ने लगा है. श्रीलंकाई क्रिकेट बोर्ड ने इस मामले पर संज्ञान लेते हुए जांच कराने का फैसला लिया है. खेल मंत्री महिंदानंदा अलुथगामगे ने श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) को सेवानिवृत्त महिला न्यायाधीश के नेतृत्व में जांच […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
कोलंबो : श्रीलंका महिला क्रिकेटरों को टीम में जगह बनाने के लिए हो रहे शारीरिक शोषण का मामला अब तुल पकड़ने लगा है. श्रीलंकाई क्रिकेट बोर्ड ने इस मामले पर संज्ञान लेते हुए जांच कराने का फैसला लिया है.
खेल मंत्री महिंदानंदा अलुथगामगे ने श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) को सेवानिवृत्त महिला न्यायाधीश के नेतृत्व में जांच समिति का गठन करने को कहा जो इन आरोपों की जांच करेगी कि राष्ट्रीय टीम में जगह देने के लिए महिला क्रिकेट प्रशासक शारीरिक संबंध बनाने की मांग करते थे.
इस यौन प्रकरण ने श्रीलंका क्रिकेट को झकझोर कर रख दिया था जब मीडिया की खबरों में दावा किया गया कि महिला क्रिकेटरों ने कथित तौर पर कुछ चयनकर्ताओं की इन मांगों की शिकायत की है कि अगर वे टीम में जगह चाहती हैं तो उन्हें संतुष्ट किया जाए.
जारी एक बयान में अलुथमामगे ने एसएलसी सचिव निशांत रणतुंगा को आदेश किया है कि वह समिति की नियुक्ति करें और आरोपों की तुरंत जांच करें. अलुथगामगे ने कहा कि यह आरोप अपमानजनक और देश की अंतरराष्ट्रीय छवि को नुकसान पहुंचाने वाले हैं. इसके अलावा इसने श्रीलंका में महिला क्रिकेट को भी नुकसान पहुंचाया है.
स्थानीय मीडिया में इन खबरों के आने के बाद एसएलसी ने इन आरोपों की जांच के लिए अपनी स्वयं की जांच समिति का भी गठन किया था. एसएलसी सीईओ एशले डि सिल्वा के हवाले से स्थानीय मीडिया से कहा, स्थानीय मीडिया की खबरों के आधार पर समीक्षा की जाएगी क्योंकि अब तक कोई शिकायत नहीं की गई है.