Adidas German : नाजियों से मिलते प्रतीक के कारण 'एडिडास' ने वापस ली जर्सी

Adidas ने नाजी प्रतीक का जर्सी लाॅन्च कर दिया था, जिसकी वजह से उन्हें फैंस की आलोचना का शिकार होना पड़ा.

Adidas German : फुटबॉल की दीवानगी दुनियाभर में है. इसी कारण मैच के दौरान स्टेडियम में अपने देश व पसंदीदा टीम की जर्सी पहने फैंस दिख जाते हैं. हालांकि ऐसा लगभग सभी खेलों के साथ होता है. स्पोर्ट्स वियर बनाने वाली कंपनियां भी इसी कारण जर्सी व किट को लेकर नये-नये प्रयोग करती रहती हैं, पर कई बार इससे फैंस आहत भी हो जाते हैं. हाल ही में एडिडास को अपने शर्ट व किट डिजाइन के कारण आलोचनाओं का सामना करना पड़ा है.

नाजियों द्वारा यहूदियों के नरसंहार की बातें आज भी लोगों को क्रोध से भर देती हैं, उस दौर से मिलते-जुलते प्रतीक तक को लोग बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं. स्पोर्ट्स वियर व वर्कआउट क्लॉथ बनाने वाली फेमस जर्मन कंपनी एडिडास को नाजी प्रतीक से मिलते-जुलते चिह्नों वाले शर्ट के कारण आलोचना का शिकार होना पड़ा है. आलोचना को देखते हुए एडिडास और जर्मन फुटबॉल फेडरेशन ने 44 नंबर के GERMAN NATIONAL SHIRT की बिक्री पर रोक लगा दी है. एडिडास और फेडरेशन ने प्रतिबंध का यह कदम सोशल मीडिया यूजर्स द्वारा इस मामले को सामने लाये जाने के बाद उठाया है. कंपनी ने कहा है कि वह नंबर ‘4’ को फिर से डिजाइन करेगी.

अंगेजी अल्फाबेट ‘SS’ से समानता के कारण हुई आलोचना

वास्तव में, एडिडास द्वारा GERMAN NATIONAL SHIRT पर जिस स्टाइल में 44 लिखा गया है, आलोचक उसे अंग्रेजी अल्फाबेट ‘SS’ से मिलता-जुलता मान रहे हैं. अब प्रश्न उठता है कि शर्ट पर लिखे नंबर 44 के ‘SS’ से मिलने में क्या आपत्ति है, तो इसके उत्तर के लिए आपको इतिहास का पन्ना पलटना होगा. हम सभी जानते हैं कि जर्मन तानाशाह एडोल्फ हिटलर यहूदियों का दुश्मन था और द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान उसने उनके साथ जो अमानवीय व्यवहार किया, उसे न तो यहूदी समुदाय भुला पाया है, न ही दुनिया. दरअसल ‘SS’ शब्द एडोल्फ हिटलर के थर्ड रीच के पैरामिलिट्री ऑर्गनाइजेशन, शुल्जस्टाफेल का शॉर्ट फॉर्म है.

यहूदियों के GENOSIDE से जुड़ा था ‘SS’

यह वही ऑर्गनाइजेशन है, जिसे यूरोप भर में यहूदियों के इंडस्ट्रियलाइज्ड जेनोसाइड का काम सौंपा गया था. ‘SS rune’ 1999 में बनाया गया था और जो बाद में नाजियों द्वारा किये गये सबसे भयावह अपराधों का पर्याय बन गया था. ‘SS’ के सदस्यों के कंधे पर ही कंसन्ट्रेशन कैंप की निगरानी करने, संदिग्ध गद्दारों को इंटेरोगेट करने और ऑशविट्ज जैसे एक्सटर्मिनेशन कैंप चलाने की जिम्मेदारी थी. इसी कैंप में दस लाख से अधिक यहूदियों को तड़पा कर मार दिया गया था.

इतिहासकार माइकल कोनिंग ने सबसे पहले जतायी चिंता

सोशल मीडिया पर विरोध से पहले नाजी प्रतीक से मिलते-जुलते नंबर वाले इन शर्ट्स या जर्सियों को लेकर इतिहासकार माइकल कोनिग ने चिंता जतायी थी. दरअसल कोनिग ही वे पहले व्यक्ति थे जिन्होंने किट के डिजाइन को भी संदिग्ध कहा था. जर्मन अवे किट को अपने पिंक कलर के कारण विवाद का सामना करना पड़ा है. हालांकि समर्थकों का कहना है कि पिंक कलर जर्मनी की विविधता को दर्शाता है, जबकि आलोचकों का दावा है कि यह अपरंपरागत है और जर्मन फुटबॉल एसोसिएशन (डीएफबी) द्वारा लाभ कमाने के उद्देश्य से किट को पिंक कलर दिया गया है.

इंग्लैंड के फैंस नाइकी से हुए नाराज

हाल के सप्ताह में यह दूसरी बार है जब किसी अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल किट पर विवाद हुआ है. इससे पूर्व इंग्लैंड के फैंस ने टीम की शर्ट के कॉलर के पीछे सेंट जॉर्ज क्रॉस में किये गये गये बदलावों की आलोचना की थी. नाइकी ने इंग्लैंड की फुटबॉल टीम के लिए डिजाइन किये गये शर्ट के कॉलर पर ट्रेडिशनल रेड कलर के साथ-साथ पर्पल और नेवी ब्लू का उपयोग किया था. नाइकी ने दावा किया कि ऐसा उसने सभी को साथ लेकर चलने का प्रतिनिधित्व करने के लिए किया था, लेकिन आलोचकों ने इसे अपमानजनक और राष्ट्रीय परंपराओं के विरुद्ध माना.

इस वर्ष यूरोपीय फुटबॉल चैंपियनशिप का मेजबान है जर्मनी

इस वर्ष यूरोपीय फुटबॉल चैंपियनशिप जर्मनी में आयोजित होनी है, जिसके मैच 10 अलग-अलग शहरों में खेले जायेंगे. इसकी शुरुआत 14 जून को होगी और पहले मैच में मेजबान टीम स्कॉटलैंड से भिड़ेगी.

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