Abhimanyu Easwaran: घरेलू क्रिकेट में लगातार रन बनाने वाले अभिमन्यु ईश्वरन एक बार फिर शानदार लय में नजर आ रहे हैं. दलीप ट्रॉफी 2026 के सेमीफाइनल में ईस्ट जोन की ओर से खेलते हुए ईश्वरन ने सेंट्रल जोन के खिलाफ पहली पारी में 69 रनों की अहम पारी खेली. उन्होंने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के साथ मिलकर पहले विकेट के लिए 161 रनों की साझेदारी की. दूसरी पारी में वह सिर्फ 24 रन बनाकर पवेलियन लौट गए. भले ही ईश्वरन दोनों पारियों को बड़ी पारी में नहीं बदल सके, लेकिन उनके रिकॉर्ड बताते हैं कि आखिर क्यों उनकी गिनती चुनिंदा खिलाड़ियों में की जाती है.
महज 10 साल की उम्र में क्रिकेट को अपना करियर बनाने के लिए ईश्वरन ने देहरादून से कोलकाता का रुख किया था. इसके बाद उन्होंने अपनी मेहनत और लगातार प्रदर्शन के दम पर घरेलू क्रिकेट में पहचान बनाई. आज वह फर्स्ट क्लास क्रिकेट में खुद को एक मजबूत और भरोसेमंद बल्लेबाज के रूप में स्थापित कर चुके हैं. उनके आंकड़े भी इस बात की गवाही देते हैं कि लंबे समय से घरेलू क्रिकेट में उनका बल्ला लगातार रन उगल रहा है.
10 साल की उम्र में देहरादून से पहुंचे कोलकाता
ईश्वरन की कहानी सिर्फ आंकड़ों तक सीमित नहीं है. उनका क्रिकेट सफर भी बेहद खास रहा है. देहरादून में जन्मे अभिमन्यु ईश्वरन ने महज 10 साल की उम्र में क्रिकेट को गंभीरता से अपनाने के लिए कोलकाता का रुख किया. इसके बाद उन्होंने बंगाल की घरेलू क्रिकेट व्यवस्था में खुद को तैयार किया और धीरे-धीरे अपनी पहचान बनाई. इतनी कम उम्र में क्रिकेट को करियर बनाने के लिए दूसरे शहर का रुख करना आसान फैसला नहीं था. लेकिन ईश्वरन ने अपनी मेहनत और लगातार प्रदर्शन के दम पर घरेलू क्रिकेट में जगह बनाई. समय के साथ उनके बल्ले से निकलने वाले रनों ने चयनकर्ताओं का ध्यान भी खींचा.
उनकी मेहनत का नतीजा यह रहा कि उन्हें 2024 में इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में जगह मिली. इसके बाद उसी साल ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए भी उन्हें भारतीय टीम में चुना गया. हालांकि, अभी तक उन्हें भारत की टेस्ट प्लेइंग इलेवन में डेब्यू करने का मौका नहीं मिला है.
114 फर्स्ट क्लास मैच में 47.43 का औसत
अभिमन्यु ईश्वरन का फर्स्ट क्लास क्रिकेट रिकॉर्ड उनकी बल्लेबाजी की निरंतरता को दिखाता है. उन्होंने अब तक 114 फर्स्ट क्लास मैच खेले हैं. इस दौरान उनके बल्ले से 8396 रन निकले हैं और उनका बल्लेबाजी औसत 47.43 का है. फर्स्ट क्लास क्रिकेट में ईश्वरन का सर्वोच्च स्कोर 233 रन है. वह इस फॉर्मेट में अब तक 27 शतक और 36 अर्धशतक लगा चुके हैं. एक सलामी बल्लेबाज के लिए इतने लंबे फर्स्ट क्लास करियर में लगातार 47 से ज्यादा का औसत बनाए रखना उनकी बड़ी ताकत है. ईश्वरन की बल्लेबाजी में जल्दबाजी कम और पारी को लंबा खींचने की क्षमता ज्यादा नजर आती है.
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लिस्ट-ए क्रिकेट में 4107 रन
ईश्वरन की बल्लेबाजी सिर्फ लाल गेंद के क्रिकेट तक सीमित नहीं है. लिस्ट-ए क्रिकेट में भी उनका रिकॉर्ड काफी प्रभावशाली रहा है. उन्होंने 96 लिस्ट-ए मैचों में 4107 रन बनाए हैं और उनका औसत 46.14 का है. यह आंकड़ा बताता है कि ईश्वरन अलग-अलग परिस्थितियों और फॉर्मेट में खुद को ढालने की क्षमता रखते हैं.
T20 में भी दिखाया दम, 29 गेंदों में ठोके 52 रन
| फॉर्मेट | मैच | पारी | नाबाद | रन | सर्वोच्च स्कोर | औसत | गेंद | स्ट्राइक रेट | शतक | अर्धशतक | चौके | छक्के | कैच | स्टंपिंग |
| फर्स्ट क्लास (FC) | 114 | 194 | 17 | 8396 | 233 | 47.43 | 15492 | 54.19 | 27 | 36 | 957 | 32 | 75 | 0 |
| लिस्ट-ए (List A) | 96 | 94 | 5 | 4107 | 149 | 46.14 | 4907 | 83.69 | 10 | 24 | 399 | 23 | 28 | 0 |
| टी20 (T20s) | 41 | 40 | 8 | 1242 | 130* | 38.81 | 934 | 132.97 | 2 | 6 | 111 | 36 | 13 | 0 |
अभिमन्यु ईश्वरन को आमतौर पर एक पारंपरिक लाल गेंद के सलामी बल्लेबाज के तौर पर देखा जाता है, लेकिन 2026 में बंगाल प्रो टी20 लीग के दौरान उन्होंने अपने खेल का दूसरा पहलू भी दिखाया. स्मैशर्स मालदा के लिए खेलते हुए ईश्वरन ने करीब 8 पारियों में 211 रन बनाए. इस दौरान उन्होंने दो शानदार अर्धशतक लगाए. उन्होंने रश्मि मेदिनीपुर विजार्ड्स के खिलाफ सिर्फ 29 गेंदों में 52 रन बनाए, जबकि अडामास हावड़ा वॉरियर्स के खिलाफ 37 गेंदों में 58 रन की पारी खेली. इन पारियों ने दिखाया कि जरूरत पड़ने पर ईश्वरन अपने खेल की गति बढ़ाने और आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करने की क्षमता भी रखते हैं.
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रणजी ट्रॉफी में भी बल्ले ने दिया जवाब
2025-26 रणजी ट्रॉफी सीजन में बंगाल के लिए खेलते हुए ईश्वरन ने टीम के शीर्ष क्रम को संभालने की जिम्मेदारी निभाई. सीजन के आखिरी चार मुकाबलों में उन्होंने 273 रन बनाए. सर्विसेज के खिलाफ उनकी 81 रनों की पारी ने टीम को मजबूती दी, जबकि हरियाणा के खिलाफ दूसरी पारी में खेली गई 83 रनों की पारी ने मैच बचाने में अहम भूमिका निभाई. यानी दलीप ट्रॉफी के सेमीफाइनल में बनाए गए 69 रन कोई अचानक आया प्रदर्शन नहीं है. इससे पहले भी ईश्वरन घरेलू क्रिकेट में लगातार रन बनाकर अपनी दावेदारी मजबूत करते रहे हैं.
