Grah Gochar 2025: नए साल में गुरु और शनि का गोचर, पड़ेगा ये प्रभाव

Grah Gochar 2025: वर्ष 2025 इस संदर्भ में अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इस वर्ष कई प्रमुख ग्रहों का गोचर और वक्री अवस्था देखने को मिलेगी, जो मानव जीवन पर गहरा प्रभाव डालने वाली है. आइए, विस्तार से समझते हैं वर्ष 2025 में गुरु और शनि की चाल तथा उनके गोचर की तिथियों के बारे में.

आचार्य संतोष
ज्योतिष एवं वास्तु विशेषज्ञ

Grah Gochar 2025: वर्ष 2025 में ग्रहों की चाल और गोचर सभी राशियों पर भिन्नभिन्न प्रभाव डालेंगे. इनके प्रभाव में आने वाले जातकों के लिए यहां कुछ उपाय बताये गये हैं, जो न केवल ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव को कम करने में मदद करेंगे, बल्कि सकारात्मक ऊर्जा को भी बढ़ावा देंगे. इन उपायों के माध्यम से आप अपने जीवन को संतुलित और समृद्ध बना सकते हैं.

ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों की चाल और उनके गोचर का गहन महत्व है. यह न केवल मानव जीवन, बल्कि प्रकृति और समाज पर भी प्रभाव डालता है. सूर्य, चंद्र, बृहस्पति, शनि, बुध, शुक्र, मंगल, राहु और केतु जैसे ग्रह समयसमय पर राशि परिवर्तन करते हैं, जिसे गोचर कहते हैं. इन गोचर का प्रभाव सभी 12 राशियों पर भिन्नभिन्न रूप से पड़ता है. राहु और केतु सदैव वक्री चाल चलते हैं और यह कभी मार्गी अवस्था में नहीं आते हैं. अन्य मुख्य सात ग्रहों में सूर्य और चंद्रमा सदैव मार्गी अवस्था में रहते हैं और यह कभी भी वक्री नहीं होते हैं, लेकिन अन्य पांच ग्रह यानी कि मंगल, बुध, बृहस्पति, शुक्र और शनि समयसमय पर मार्गी से वक्री अवस्था में और वक्री से मार्गी अवस्था में आ जाते हैं. वर्ष 2025 इस दृष्टि से अत्यधिक महत्वपूर्ण है, क्योंकि कई बड़े ग्रहों का गोचर और वक्री अवस्था इस वर्ष होने जा रहा है, जो मानव जीवन पर अपना गहरा प्रभाव डालेंगे.आइए, विस्तार से जानते हैं वर्ष 2025 में गुरु और शनि की चाल, उनके गोचर की तिथियां.

Zodiac Sign Upay 2025: नए साल में ये राशियां होंगी प्रभावित, जरूर करें ये उपाय

बृहस्पति का गोचर

बृहस्पति यानी गुरु धन, ज्ञान, धर्म और विवाह का कारक ग्रह है. इसका गोचर दीर्घकालिक प्रभाव डालता है. वर्ष 2025 में बृहस्पति (गुरु) 14 मई, बुधवार को रात 11:20 बजे से अतिचारी अवस्था में रहेंगे. इस दौरान वे वृषभ राशि से मिथुन राशि में प्रवेश करेंगे और अपनी चाल को तीन गुना तेज कर देंगे. अतिचारी अवस्था में ग्रह तेज गति से राशि बदलते हैं, फिर वक्री होकर उसी राशि में लौटते हैं और अंततः मार्गी होकर अगली राशि में प्रवेश करते हैं.इस दौरान 18 अक्तूबर, शनिवार को रात 09:39 बजे कर्क राशि में और 05 दिसंबर, शुक्रवार को दोपहर 03:38 बजे मिथुन राशि में गोचर करेंगे. यह स्थिति 8 वर्षों तक प्रभावी रहेगी, जिससे वैश्विक और व्यक्तिगत स्तर पर कई बदलाव देखने को मिलेंगे.

विशेष घटनाएं

शनि का प्रभाव : 29 मार्च, 2025 को शनि मीन राशि में प्रवेश करेंगे, जो बृहस्पति की चाल में भी प्रभाव डालेंगे.
राहु का गोचर : 18 मई, 2025 को राहु मीन से कुंभ राशि में प्रवेश करेगा, जो बृहस्पति के साथ युति बनाते हुए नई चुनौतियां ला सकता है.
यह अवधि ज्योतिषीय दृष्टि से अतिमहत्वपूर्ण है. व्यक्तिगत प्रभाव आपकी कुंडली में ग्रहों की स्थिति के अनुसार बदल सकता है.

शनि का गोचर

कर्मफलदाता शनि सबसे धीमी गति से चलने वाले ग्रह माने जाते हैं और वह एक राशि में करीब ढाई वर्ष तक रहते हैं. ऐसे में एक राशि चक्र पूरा करने में करीब 30 साल का वक्त लग जाता है. इनका गोचर धीमा होता है और इसका प्रभाव गहरा और दीर्घकालिक होता है.

शनि 29 मार्च, शनिवार को रात 11:01 बजे कुंभ राशि से मीन राशि में आयेंगे.

शनि मीन राशि में 13 जुलाई, 2025 को सुबह 9:36 बजे वक्री हो जायेंगे और करीब 138 दिन वक्री रहने के बाद 28 नवंबर को मार्गी होंगे.

शनि के उल्टी चाल से चलने से इन राशियों को लाभ मिलने के प्रबल योग बन रहे हैं.

शनि की साढ़े साती और ढैय्या का प्रभाव

साढ़े साती : मीन, कुंभ और मकर राशि पर प्रभाव रहेगा.

ढैय्या : कर्क और वृश्चिक राशि के जातकों को भी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >