Phalgun Month 2026: हिंदू पंचांग में हर महीने का अपना अलग महत्व होता है, लेकिन फाल्गुन मास को विशेष रूप से पर्वों, भक्ति और दान-पुण्य का महीना माना जाता है. यह साल का अंतिम यानी 12वां महीना होता है. लोग इसे फागुन का महीना भी कहते हैं. द्रिक पंचांग के अनुसार, साल 2026 में फाल्गुन मास की शुरुआत 2 फरवरी से होगी और यह 3 मार्च 2026 तक चलेगा.
कब से शुरू होता है फाल्गुन मास?
हिंदू पंचांग के अनुसार फाल्गुन मास माघ पूर्णिमा के अगले दिन से शुरू होता है. यह महीना प्रकृति में बदलाव का संकेत भी देता है. सर्दी कम होने लगती है और वसंत ऋतु का आगमन होता है. धार्मिक दृष्टि से यह समय आत्मिक शुद्धि, भक्ति और सकारात्मक ऊर्जा के लिए बहुत शुभ माना जाता है.
फाल्गुन मास में आने वाले प्रमुख त्योहार
| तिथि | त्योहार का नाम | धार्मिक महत्व |
| 13 फरवरी | विजया एकादशी | विष्णु पूजा का दिन, विजय और सफलता की कामना |
| 15 फरवरी | महाशिवरात्रि | शिव भक्ति, साधना और व्रत का महापर्व |
| 19 फरवरी | फुलेरा दूज | राधा-कृष्ण पूजन, विवाह के लिए शुभ दिन |
| 24 फरवरी | होलाष्टक | होली से पहले शुभ कार्यों पर रोक |
| 27 फरवरी | आंवला एकादशी | विष्णु पूजन, स्वास्थ्य और पुण्य लाभ |
| 04 मार्च | होली | प्रेम, रंग और सामाजिक एकता का पर्व |
फाल्गुन मास में किसकी पूजा करें?
फाल्गुन मास में श्रीकृष्ण भक्ति का विशेष महत्व बताया गया है. मान्यता है कि इस माह में उनकी पूजा से वैवाहिक जीवन में मधुरता आती है,संतान सुख की प्राप्ति होती है, ज्ञान और विवेक में वृद्धि होती है. भगवान शिव की आराधना का पर्व महाशिवरात्रि इसी मास में आती है. इस दिन शिव पूजा करने से मानसिक शांति मिलती है, नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है, जीवन में स्थिरता आती है.
चंद्रदेव की पूजा
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चंद्रमा की उत्पत्ति फाल्गुन मास में हुई थी. इसलिए इस महीने चंद्रदेव की पूजा से मन की चंचलता कम होती है, मानसिक संतुलन बना रहता है.
फाल्गुन मास में दान-पुण्य का महत्व
शास्त्रों में फाल्गुन मास को दान के लिए उत्तम समय बताया गया है. इस महीने किया गया दान विशेष फल देता है.
दान में क्या देना शुभ माना जाता है?
अन्न और भोजन, वस्त्र, धन, जरूरतमंदों की सहायता करना शुभ माना गया है. मान्यता है कि इस महीने दान करने से सुख, शांति और समृद्धि का वास होता है.
फाल्गुन मास क्यों माना जाता है खास?
यह साल का अंतिम महीना है. बड़े धार्मिक पर्व इसी महीने आते हैं. पूजा, व्रत और दान तीनों का महत्व है. मन, शरीर और समाज—तीनों स्तर पर सकारात्मक प्रभाव डालता है.
ज्योतिषाचार्य डॉ एन के बेरा | 20+ वर्षों का अनुभव
ग्रह शांति, विवाह, धन और करियर विशेषज्ञ
