चंद्र ग्रहण 2026 पर गर्भवती महिलाएं रखें ये खास ध्यान, जानें जरूरी सावधानियां

Chandra Grahan 2026: हिंदू धर्म में माना जाता है कि चंद्र ग्रहण के दौरान गर्भवती महिलाएं बेहद संवेदनशील हो जाती हैं. मान्यता है कि चंद्र ग्रहण के दौरान निकलने वाली नकारात्मक ऊर्जा माता और शिशु पर बुरा प्रभाव डाल सकती है, इसलिए इससे बचाव के लिए कुछ विशेष सावधानियां बरतना जरूरी माना जाता है.

Chandra Grahan 2026: 3 मार्च 2026 को चंद्र ग्रहण लगने वाला है. खगोलीय और ज्योतिषीय दृष्टि से इसे बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है. चंद्र ग्रहण तब होता है जब सूर्य, पृथ्वी और चंद्रमा एक सीधी रेखा में आ जाते हैं. इस स्थिति में सूर्य की किरणें सीधे चंद्रमा तक नहीं पहुंच पातीं और पृथ्वी की छाया चंद्रमा पर पड़ती है. हिंदू धर्म में चंद्र ग्रहण को शुभ नहीं माना जाता है. मान्यता है कि चंद्र ग्रहण के समय चंद्रमा से नकारात्मक ऊर्जा निकलती है. यह नकारात्मक ऊर्जा विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं के लिए नुकसानदायक मानी जाती है. ऐसे में ग्रहण के समय नकारात्मक ऊर्जा से बचाव के लिए सावधानियां बरतना जरूरी माना जाता है.

गर्भवती महिलाओं के लिए जरूरी सावधानियां

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के दौरान नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव बढ़ जाता है, जिसका असर गर्भ में पल रहे शिशु और माता दोनों पर पड़ सकता है. इसलिए गर्भवती महिलाओं को निम्न बातों का ध्यान रखने की सलाह दी जाती है:

1. घर के अंदर ही रहें

मान्यता है कि ग्रहण के समय चंद्रमा से निकलने वाली हानिकारक किरणें गर्भवती महिला और शिशु के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती हैं. इसलिए ग्रहण काल के दौरान घर से बाहर निकलने से बचें.

2. नुकीली वस्तुओं का प्रयोग न करें

मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के समय चाकू, कैंची, सुई या किसी भी धारदार वस्तु का उपयोग करना वर्जित माना गया है. कहा जाता है कि इससे शिशु पर दुष्प्रभाव पड़ सकता है.

3. खान-पान में सावधानी रखें

ग्रहण के दौरान भोजन करने से बचने की सलाह दी जाती है. हालांकि, शारीरिक कमजोरी या स्वास्थ्य संबंधी कारणों से डॉक्टर और घर के बड़े-बुजुर्गों की सलाह लेकर गर्भवती महिलाएं हल्का आहार या फल ले सकती हैं.

4. सोने से बचें और मंत्र जाप करें

धार्मिक ग्रंथों के अनुसार, ग्रहण के समय गर्भवती महिलाओं को सोने से बचना चाहिए. इस दौरान मानसिक शांति के लिए भगवान का ध्यान करें और मंत्रों का जाप करें. इससे मानसिक स्थिरता और सकारात्मकता बनी रहती है.

5. ग्रहण के बाद स्नान करें

जैसे ही ग्रहण समाप्त हो, गर्भवती महिला को शुद्ध जल से स्नान करना चाहिए. इसके बाद स्वच्छ वस्त्र धारण करने चाहिए.

6. लोहे की धातु साथ रखें

धार्मिक मान्यता है कि ग्रहण के समय गर्भवती महिलाओं को अपने पास लोहे की कोई छोटी वस्तु रखनी चाहिए. कहा जाता है कि लोहे में नकारात्मक ऊर्जा को सोखने की क्षमता होती है.

चंद्र ग्रहण 2026: समय

साल का यह पहला चंद्र ग्रहण 3 मार्च 2026 (मंगलवार) को लगेगा.

  • ग्रहण का प्रारंभ: दोपहर 03:20 बजे (भारतीय समयानुसार)
  • ग्रहण की समाप्ति: शाम 06:47 बजे
  • सूतक काल: चंद्र ग्रहण का सूतक 9 घंटे पहले शुरू हो जाता है. 3 मार्च की सुबह 06:20 बजे से सूतक काल मान्य होगा.

यह भी पढ़ें: Chandra Grahan 2026: चंद्र ग्रहण 2026 का सूतक काल कब से? जानें क्या करें और क्या न करें

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Neha Kumari

नेहा कुमारी प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं. उन्हें लेखन के क्षेत्र में एक वर्ष से अधिक का अनुभव है. पिछले छह महीनों से वे राशिफल और धर्म से जुड़ी खबरों पर काम कर रही हैं. उनका मुख्य कार्य व्रत-त्योहारों, पौराणिक कथाओं और भारतीय रीति-रिवाजों से जुड़ी जानकारी को सरल भाषा में लोगों तक पहुंचाना है. नेहा का हमेशा यह प्रयास रहता है कि वे कठिन से कठिन विषय को भी इतना आसान और रोचक बना दें कि हर कोई उसे सहजता से पढ़ और समझ सके. उनका मानना है कि यदि धर्म और संस्कृति से जुड़ी जानकारी सरल शब्दों में मिले, तो लोग अपनी परंपराओं से बेहतर तरीके से जुड़ पाते हैं. डिजिटल मीडिया में अपने करियर की शुरुआत उन्होंने प्रभात खबर में ही ‘नेशनल’ और ‘वर्ल्ड’ डेस्क पर छह महीने की इंटर्नशिप के साथ की थी. इस दौरान उन्होंने रियल-टाइम खबरों पर काम करना, तेजी और सटीकता के साथ कंटेंट लिखना, ट्रेंडिंग विषयों की पहचान करना और डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को करीब से समझा. इस अनुभव ने उनकी न्यूज़ सेंस, लेखन क्षमता और खबरों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने की समझ को और अधिक मजबूत बनाया.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >