सूर्य ग्रहण : सूतक काल में होती है शुभ कार्यों को करने की मनाही

साल का अंतिम सूर्य ग्रहण गुरुवार, 26 दिसंबर को होने जा रहा है. यह सुबह 8:17 पर लगेगा और 10:17 तक रहेगा. ग्रहण का सूतक काल 25 दिसंबर को शाम 5:32 से शुरू हो जायेगा. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूतक काल में शुभ कार्यों को करने की मनाही होती है और मंदिरों के कपाट भी […]

साल का अंतिम सूर्य ग्रहण गुरुवार, 26 दिसंबर को होने जा रहा है. यह सुबह 8:17 पर लगेगा और 10:17 तक रहेगा. ग्रहण का सूतक काल 25 दिसंबर को शाम 5:32 से शुरू हो जायेगा. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूतक काल में शुभ कार्यों को करने की मनाही होती है और मंदिरों के कपाट भी बंद कर दिये जाते हैं. इस दौरान पूजा-पाठ, धार्मिक अनुष्ठान भी नहीं होते. यह पूर्णग्रास नहीं, बल्कि खंडग्रास सूर्य ग्रहण होगा.
इससे पहले इस साल छह जनवरी और दो जुलाई को आंशिक सूर्यग्रहण लगा था. पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के अनुसार, भारत में सूर्योदय के बाद इस वलयाकार सूर्य ग्रहण को देश के दक्षिणी भाग में कर्नाटक, केरल और तमिलनाडु के हिस्सों देखा जा सकेगा, जबकि देश के अन्य हिस्सों में आंशिक सूर्य ग्रहण ही दिखाई देगा. अगला सूर्य ग्रहण भारत में 21 जून, 2020 को दिखाई देगा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >