जमशेदपुर में घोर प्रशासनिक विफलता

जमशेदपुर शहर के आसपास पोटका, राजनगर और घाटशिला क्षेत्र में पिछले पंद्रह दिनों से बच्चा चोर गिरोह घूमने की अफवाह जोरों पर है. अब तक करीब 10 लोगों की जान गयी है. गांवों से लोग भाग रहे हैं और पुलिस प्रशासन बेअसर और बेबस है. अफसोस है कि पिछले कई महीनों से जमशेदपुर में कई […]

जमशेदपुर शहर के आसपास पोटका, राजनगर और घाटशिला क्षेत्र में पिछले पंद्रह दिनों से बच्चा चोर गिरोह घूमने की अफवाह जोरों पर है. अब तक करीब 10 लोगों की जान गयी है. गांवों से लोग भाग रहे हैं और पुलिस प्रशासन बेअसर और बेबस है. अफसोस है कि पिछले कई महीनों से जमशेदपुर में कई तरह की अफवाहें उड़ रही हैं, पर पुलिस-प्रशासन सिर्फ हेलमेट चेकिंग में व्यस्त है.
आम जनता भी उग्र भीड़ का शिकार हो रही है. पूर्वी सिंहभूम जिले में तीन आइपीएस और लगभग आठ डीएसपी रैंक के अधिकारी हैं, परन्तु ‘ग्रॉस एडमिनिस्ट्रेटिव एंड इंटेलिजेंस फेलियर’ देखा जा रहा है. हाल ही में बोड़ाम प्रखंड के पोखरिया गांव में दो समुदायों के बीच काफी तनातनी हुई. अब है कि बच्चा चोर गिरोह की अफवाह फैलाकर हत्याएं हो रही हैं और अधिकारी सिर्फ शांति की अपील कर रहे हैं.
डॉ मनोज ‘आजिज़’, जमशेदपुर

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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