जम्मू के नगरोटा में स्थित सेना की 16 वीं कोर के मुख्यालय के समीप आर्टिलरी यूनिट पर आतंकियों ने हमला किया. आतंकियों का सेना पर आक्रमण करने का दुस्साहस बढ़ते ही जा रहा है. उन्हें तो मारने और मरने के लिए ही भारत में छोड़ा जाता है.
लेकिन उनसे हुई मुठभेड़ में सेना के जवानों का शहीद होना, देश का बहुत बड़ा नुकसान है. इस महंगे नुकसान को रोकना है तो पाकिस्तान के साथ ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ जैसे मिशन का हमेशा उपयोग करते रहना जरूरी है. कुछ दिन पहले ही रक्षा मंत्री मनोहर पर्रीकर ने कहा था, पाकिस्तानी सेना के अधिकारी फोन करके फायरिंग रुकवाने के लिए भारतीय सेना से विनती कर रहे थे. उनके बहकावे में न आकर उन्हें मुंहतोड़ जवाब देकर उनका नुकसान करते ही रहना चाहिए.
मानसी जोशी, इमेल से
