उड़ी हमले के बाद भारतीय सेना द्वारा की गयी सर्जिकल स्ट्राइक से पाकिस्तान काफी हद तक बैकफुट पर आ गया है़ वैसे भारत का रुख सहनशीलता का रहा है, लेकिन देश ने अब ‘जैसे को तैसा’ के अंदाज में जवाब दिया है़.
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा था कि उड़ी हमले में मारे गये जवानों के दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा़ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग-थलग करने की नीति सराहनीय है़ इसमें सभी दलों को दलगत राजनीति से ऊपर उठ कर सरकार का साथ देना चाहिए़
पायल बजाज, धनबाद
