कुंभकर्ण बनी सरकार को जगायें

मैं पिछले 10-12 वर्षो से ‘प्रभात खबर’ का नियमित पाठक हूं. इस दौरान इस अखबार ने हमेशा ही अपने दायित्वों का निर्वहन बखूबी किया है. साथ ही अपनी पंचलाइन ‘अखबार नहीं आंदोलन’ को भी सार्थक किया है. हर वक्त आपने शासन को नींद से जगाने का प्रयास किया है. इसी विश्वास के साथ मैं राज्य […]

मैं पिछले 10-12 वर्षो से ‘प्रभात खबर’ का नियमित पाठक हूं. इस दौरान इस अखबार ने हमेशा ही अपने दायित्वों का निर्वहन बखूबी किया है. साथ ही अपनी पंचलाइन ‘अखबार नहीं आंदोलन’ को भी सार्थक किया है. हर वक्त आपने शासन को नींद से जगाने का प्रयास किया है.

इसी विश्वास के साथ मैं राज्य के तमाम शिक्षित बेरोजगारों की ओर से आपसे एक अपील करता हूं कि राज्य में बंद पड़ी सरकारी नियुक्तियों को शुरू कराने के लिए एक मुहिम छेड़ें, क्योंकि झारखंड में लगभग सभी क्षेत्रों में नियुक्तियां बंद हैं. सरकार ने लोगों को अब तक सिर्फ ठगा ही है. पिछले 13 वर्षो में सभी क्षेत्र में मिला कर 13 हजार नियुक्तियां भी नहीं हुई हैं. लगभग सभी ओर यही हाल है. अत: हम बेरोजगारों की आस सिर्फ और सिर्फ मीडिया से है, क्योंकि यह बहरी सरकार सिर्फ न्यायपालिका और मीडिया से ही डरती है.

आनंद कुमार, कोलेबिरा

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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