मानव मूल्यों के क्षरण को रोकेगी शिक्षा

शिक्षक दिवस के अवसर पर विशेष आयोजन के तहत प्रभात खबर ने जिस तरह प्रोफेसर कृष्ण कुमार, जानी–मानी कवयित्री अनामिका, प्रो यशपाल, एसोसिएट प्रोफेसर अल्पना मिश्र के द्वारा व्यक्त किये गये विचारों को अपने पाठकों तक पंहुचाया है, उसके लिए बहुत बहुत धन्यवाद. जहां तक मुझे समझ है, स्वाधीनता प्राप्ति के बाद की राजनीति में […]

शिक्षक दिवस के अवसर पर विशेष आयोजन के तहत प्रभात खबर ने जिस तरह प्रोफेसर कृष्ण कुमार, जानीमानी कवयित्री अनामिका, प्रो यशपाल, एसोसिएट प्रोफेसर अल्पना मिश्र के द्वारा व्यक्त किये गये विचारों को अपने पाठकों तक पंहुचाया है, उसके लिए बहुत बहुत धन्यवाद.

जहां तक मुझे समझ है, स्वाधीनता प्राप्ति के बाद की राजनीति में केवल सत्ता पर कब्जा जमाये रखने की चाहत और तथाकथित बुद्धिजीवी वर्ग की उदासीनता, चुप्पी, नैतिक मूल्यों के क्षरण में सहयोग प्रदान करता रहा है और ऐसी स्थिति में हमारे शिक्षक भी प्रभावित हुए बिना नहीं रह सकते हैं.

फिर भी हमारे शिक्षकों को पूरे समाज में नैतिक मूल्यों के क्षरण को रोकने हेतु पूरी शक्ति लगानी होगी. अगर ऐसा नहीं होगा, तो पारिवारिक रिश्ते लाभहानि पर बनतेबिगड़ते रहेंगे और शिक्षा हमें मशीन बनाकर रख देगी.

डॉ एस प्रसाद, मेल से

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >