बिहार में चमकी बुखार ऐसी महामारी बनकर सामने आयी है, जिसके सामने विज्ञान भी बौना नजर आ रहा है. हर गुजरते दिन के साथ मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है.
बिहार के मुजफ्फरपुर में एक्यूट इंसेफलाइटिस सिंड्रोम या स्थानीय भाषा में कही जाने वाली चमकी बुखार से अब तक 160 से ज्यादा बच्चों की मौत हो चुकी है. एक तरफ एक-एक कर बच्चे दम तोड़ रहे हैं, तो दूसरी ओर सरकार से लेकर डॉक्टर तक चमकी बुखार के सामने लाचार नजर आ रहे हैं.
सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि अबतक यह पता नहीं लग सका है कि चमकी बुखार का कारण क्या है. डॉक्टर भी भगवान भरोसे हैं और उन्हें भी मॉनसून का इंतजार है. इस पर केंद्र सरकार को तत्काल ठोस कदम उठाने की जरूरत है, ताकि दो दशकों से हो रही नौनिहालों की मौत के रहस्य से पर्दा उठ सके.
डॉ संजीव कुमार, बोरिंग कैनाल रोड (पटना)
