एनडीटीवी के सह संस्थापक के आवास पर सीबीआई के छापे का मतलब क्या है? यह सच बोलने की सजा ही है. निष्पक्ष विचार लोगों तक पहुंचाने का खामियाज़ा है. इस तरह की सजा हर प्रश्नकर्ता को दिया जा रहा है, क्योंकि अभी हाल ही में, टीवी डिबेट में, बीजेपी प्रवक्ता और प्रस्तुतकर्ता के बीच बहस हो गयी थी, जिसमें बीजेपी प्रवक्ता ने एनडीटीवी पर बीजेपी के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया.
इस पर एंकर ने उनसे अनुरोध किया कि वह या तो माफी मांगे नहीं तो शो छोड़ कर चले जाएं. इससे पहले भी इसके एक वरिष्ठ पत्रकार की निष्पक्ष पेशकश से नाराजगी थी. पहले भी इस चैनल को एक दिन के लिए बंद करने का आदेश दिया जा चुका है. यह दर्शाता है कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को यह सरकार कुचलने को आतुर है.
जंग बहादुर सिंह, गोलपहाड़ी
