Women Reservation Bill: खरगे ने कहा- परिसीमन विधेयक अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के खिलाफ है, उन राज्यों के खिलाफ है जहां चुनाव होने वाले हैं. खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर महिला आरक्षण पर विपक्ष के रुख को गलत तरीके से पेश करने का आरोप लगाया. महिला आरक्षण लागू करने में देरी पर सवाल उठाते हुए खरगे ने पूछा, उन्होंने इसे 30 महीने तक ठंडे बस्ते में क्यों रखा? इतना ही नहीं, उन्होंने उस विधेयक को अधिसूचित भी नहीं किया. 2023 में पारित विधेयक को अधिसूचित नहीं किया गया; 16 तारीख की रात 3 बजे ही उन्होंने अधिसूचित किया. इसका मतलब है कि विधेयक अस्तित्व में ही नहीं था, फिर भी उन्होंने संशोधन पेश किया. किस विधेयक में? मैं यह पूछना चाहता हूं.
खरगे ने कहा- कांग्रेस हमेशा से प्रगतिशील मूल्यों के साथ खड़ी रही है
तमिलनाडु के होसुर में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए खरगे ने कहा- कांग्रेस हमेशा से प्रगतिशील मूल्यों के साथ खड़ी रही है. इंदिरा गांधी, सोनिया गांधी और राहुल गांधी जैसे नेताओं ने इस प्रगतिशील विचारधारा का समर्थन किया है और आज भी देश को सही दिशा दिखाने, मोदी को चुनौती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं. मोदी को पिछले 12 वर्षों में पहली बार एक बड़ा झटका लगा है (संविधान (131वां संशोधन) विधेयक). अब से हमें उन्हें लगातार हराते रहना होगा.
ये भी पढ़ें: महिला आरक्षण विधेयक पर संशोधन क्यों लाया गया था? सरकार ने FAQ जारी कर दिया जवाब
महिला आरक्षण: जब पक्ष-विपक्ष दोनों समर्थक, तो 543 सीटों पर क्यों लागू नहीं हो सकता कानून?
