MP Chunav 2023 : सुबह में थे केजरीवाल के साथ, शाम को बीजेपी ने दे दिया टिकट, जानें कौन है वो उम्मीदवार

MP Assembly Election 2023: बीजेपी के विधानसभा उम्मीदवारों की सूची में बालाघाट जिले की लांजी सीट से राजकुमार कर्राहे का नाम नजर आया जिसे देखकर सभी चौंक गये. बीजेपी उम्मीदवार बनाये जाने से चार घंटे पहले तक राजकुमार आम आदमी पार्टी में थे. जानें उनके करियर के बारे में

MP Assembly Election 2023: मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव इस साल के अंत तक होने हैं. इससे पहले बीजेपी ने गुरुवार शाम को 39 सीटों पर प्रत्याशियों की सूची जारी की. इन 39 उम्मीदवारों में से 2 उम्मीदवारों के नाम ऐसे हैं जिनकी चर्चा सबकी जुबान पर है. इनमें से एक हैं मंडला ज़िले की बिछिया सीट से प्रत्याशी बनाये गए डॉ. विजय आनंद मरावी, जबकि दूसरा नाम बालाघाट जिले की लांजी सीट से उम्मीदवार बनाये गये राजकुमार का है जिन्होंने गुरुवार को ही आम आदमी पार्टी छोड़ी थी और कुछ घंटों बाद ही उन्हें बीजेपी ने टिकट देकर मैदान में उतार दिया.

टिकट मिलने से चंद घंटे पहले छोड़ी थी केजरीवाल की पार्टी

गुरुवार शाम को बीजेपी उम्मीदवारों की सूची में बालाघाट ज़िले की लांजी से राजकुमार कर्राहे का नाम देखकर सभी चौंक पड़े, ऐसा इसलिए क्योंकि बीजेपी उम्मीदवार बनाए जाने से चार घंटे पहले तक राजकुमार अरविंद केजरीवाल की पार्टी यानी आम आदमी पार्टी के सदस्य थे. यहां तक कि इलाके में उनके पोस्टर भी आम आदमी पार्टी वाले ही लगे हुए थे. इस पोस्टर में पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की भी तस्वीर नजर आ रही है.

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आपको बता दें कि राजकुमार कर्राहे ने मध्य प्रदेश में राजनीति की शुरुआत लांजी क्षेत्र के युवा बीजेपी नेता के रूप में की थी. साल 2012 तक लांजी जनपद पंचायत के अध्यक्ष पद पर नजर आये. साल 2018 के चुनाव में राजकुमार पर पार्टी के खिलाफ काम करने के आरोप लगे जिसके बाद उन्होंने आम आदमी पार्टी का दामन थाम लिया. राजकुमार पिछले 5 सालों से आम आदमी पार्टी के चेहरे के रूप में सक्रिय रूप से क्षेत्र में लोगों से मिल रहे थे.

क्या है बीजेपी का प्लान

मध्य प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की पहली सूची में बीजेपी ने उन सीटों पर अपना फोकस किया है जिनपर उसे 2018 और 2013 के चुनावों में हार मिली थी. बीजेपी ने 39 उम्मीदवारों की पहली सूची में 14 ऐसे लोगों को फिर से मौका दिया है जो पिछली बार चुनाव नहीं जीत सके थे. इनमें तीन पूर्व मंत्री भी शामिल हैं. रणनीति में बदलाव के तहत मध्य प्रदेश में सत्तारुढ़ बीजेपी ने विधानसभा चुनाव कार्यक्रम की घोषणा से पहले ही पांच महिलाओं सहित 39 प्रत्याशियों की अपनी पहली सूची जारी की है और इस प्रकार वह चुनावी तैयारियों और प्रत्याशियों को तय करने के मामले में वह अपने मुख्य प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस से आगे निकल चुकी है.

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14 उम्मीदवार 50 वर्ष से कम उम्र के

बीजेपी ने जिन 39 सीट के लिए उम्मीदवार घोषित किये हैं उनमें से 38 सीट पर वर्तमान में कांग्रेस तथा एक सीट पर (पथरिया से बसपा विधायक रामबाई) बसपा का कब्जा है. इन 39 विधानसभा सीटों में से बीजेपी 2013 में भी कुछ सीटें जीतने में असफल रही थी. पार्टी के एक नेता ने कहा कि 14 उम्मीदवार 50 वर्ष से कम उम्र के हैं, जबकि सूची में 12 नये चेहरे हैं, जिनमें आलोक शर्मा (उत्तरी भोपाल) भी शामिल हैं. मार्च 2020 में कांग्रेस छोड़ने के बाद बीजेपी में शामिल हुए केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के वफादार अदल सिंह कंसाना को मुरैना जिले के सुमावली से मैदान में उतारा गया है. वह नवंबर 2020 में सुमावली से बीजेपी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ते हुए हार गए थे. सूत्रों के अनुसार, उनके नामांकन से निश्चित रूप से सिंधिया के वफादारों का मनोबल बढ़ेगा, जिनमें से कुछ पाला बदलने के बाद खुद को दरकिनार महसूस कर रहे थे.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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