Tripura Violence Latest News त्रिपुरा हिंसा मामले को लेकर डीजीपी वीएस यादव ने शनिवार को कहा कि मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि पश्चिम अगरतला पुलिस स्टेशन में दर्ज ऐसे मामलों पर यूएपीए (UAPA) प्रावधानों की समीक्षा की जाए. उन्होंने कहा कि हमने सौ से अधिक सोशल मीडिया पोस्ट को शामिल किया था. हालांकि, ऐसा नहीं है कि सभी पर यूएपीए लगाया जाएगा. डीजीपी ने कहा कि केवल सबूत होने पर ही यूएपीए लगाया जाएगा.
त्रिपुरा के डीजीपी ने कहा कि मैं व्यक्तिगत रूप से इस मामले की निगरानी कर रहा हूं और सोशल मीडिया पर किए गए इन पोस्ट पर यूएपीए के तहत कार्रवाई तभी की जाएगी जब सबूत होंगे. डीजीपी ने कहा कि बांग्लादेश में हिंसक घटनाएं होने के बाद त्रिपुरा में कुछ घटनाएं हुई थी. स्थिति सामान्य थी, लेकिन सोशल मीडिया में फेक वीडियो और तस्वीर के जरिए संदेश फैलाया जा रहा था कि त्रिपुरा की मस्जिदों में आग लगा दी गई है और बहुत सारे लोग मारे गए हैं. जबकि, ऐसा कुछ नहीं हुआ था.
वीएस यादव ने कहा कि सोशल मीडिया पर जो फोटो और वीडियो वायरल हो रहे थे वो प्रतिबंधित संगठन से है. जिसका संबंध पाकिस्तान से है. इसलिए इस मामले में उचित कार्रवाई करने के लिए यूएपीएम की धारा लगाई गई है. सीएम ने निर्देश दिया है कि पश्चिम अगरतला थाने में दर्ज ऐसे मामलों पर यूएपीए प्रावधानों की समीक्षा की जाए. डीजीपी ने कहा कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हमने एक मामला उठाया था, जिसमें हमने आईपीसी के साथ यूएपीए भी लगाया था.
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