Shraddha Murder Case: अब होगा नार्को टेस्ट ? पॉलीग्राफ टेस्ट में ये सवाल दागे गये आरोपी आफताब से

Shraddha Murder Case: पॉलीग्राफ टेस्ट के नतीजे दो या तीन दिन में जांचकर्ताओं को सौंपने का काम किया जाएगा. इससे पहले, गुरुवार को आफताब का करीब आठ घंटा लंबा पॉलीग्राफ टेस्ट हुआ था. हालांकि, उसकी तबियत ठीक नहीं होने के कारण प्रयोगशाला के अधिकारियों को बयान दर्ज करने में परेशानी हुई.

Shraddha Murder Case: श्रद्धा वालकर हत्याकांड मामले की जांच जारी है. इस क्रम में आरोपी आफताब अमीन पूनावाला का शुक्रवार को फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला में करीब तीन घंटे तक पॉलीग्राफ टेस्ट हुआ. अब मामले में नार्को टेस्ट को लेकर बात चल रही है. बताया जा रहा है कि पॉलीग्राफ टेस्ट रिपोर्ट में यदि विसंगति मिलती है तो आरोपी का नार्को टेस्ट हो सकता है. महरौली हत्याकांड मामले में आफताब की पुलिस हिरासत अवधि मामले की जांच जारी रहने के बावजूद शुक्रवार को समाप्त हो गयी.

क्या है मामला

यहां चर्चा कर दें कि आफताब ने अपनी लिव इन पार्टनर श्रद्धा वालकर, जिसकी उम्र 27 साल थी, की मई में कथित तौर पर गला दबाकर हत्या कर दी थी. इसके बाद उसके शव के 35 टुकड़े कर दिये थे और उन्हें करीब तीन सप्ताह तक दक्षिण दिल्ली के महरौली में अपने घर में 300 लीटर के फ्रिज में रखा था. यही नहीं उसने शव के टुकड़ों को दिलली के अलग-अलग हिस्सों में फेंक दिया था.

हथियार भी पुलिस के हाथ नहीं लगे

मामले की जांच कर रही पुलिस को अभी तक पीड़िता की खोपड़ी और शरीर के बाकी हिस्सों के का पता नहीं चल पाया है. यही नहीं शरीर के टुकड़े करने के लिए इस्तेमाल किये गये हथियार भी पुलिस के हाथ नहीं लगे हैं. एफसीएल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आरोपी के पॉलीग्राफ टेस्ट संबंधी सभी काम पूरे कर लिये गये हैं. उन्होंने कहा कि हमारे फॉरेन्सिक विशेषज्ञ रिकॉर्डिंग का विश्लेषण कर रिपोर्ट तैयार करने में जुट गये हैं. यदि विशेषज्ञ संतुष्ट नहीं हुए तो आरोपी को फिर से बुलाया जा सकता है.

Also Read: Shraddha Murder Case: क्या पैसों के लिए आफताब अमीन पूनावाला ने श्रद्धा वालकर को मार डाला ?
नार्को टेस्ट करने पर विचार

अधिकारी की मानें तो, रिपोर्ट के नतीजों के आधार पर नार्को टेस्ट करने पर विचार किया जाएगा. यदि आरोपी आफताब पूनावाला को न्यायिक हिरासत में भेज दिया जाता है, तब भी उसका नार्को टेस्ट किया जा सकता है. खबरों की मानें तो पॉलीग्राफ टेस्ट के दौरान आरोपी आफताब से हत्या संबंधी घटनाक्रम, आरोपी के श्रद्धा के साथ संबंध, उनके बीच तनाव, श्रद्धा के मृत शरीर के टुकड़े फेंके जाने वाली जगहों, हथियार आदि के बारे में सवाल दागे गये.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >